July 7, 2022

भाजपा 63 लाख लोगों के दुकानों पर बुलडोजऱ चलाने की तैयारी में है : अरविंद केजरीवाल


नई दिल्ल । दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविद केजरीवाल का कहना है कि भाजपा, दिल्ली में 63 लाख लोगों के घर और दुकानों पर बुलडोजऱ चलाने की तैयारी में है। यह आज़ाद भारत का सबसे बड़ा विध्वंस होगा। दिल्ली की कच्ची कॉलोनियों में 50 लाख और झुग्गियों में 10 लाख लोग रहते हैं, जबकि एमसीडी ने करीब तीन लाख प्रॉपर्टी की और लिस्ट बनाई है। जिस तरह से भाजपा लोगों के घर और दुकानें तोड़ रही है, वो सही नहीं है। हम इसके खिलाफ हैं। विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा ने कहा था कि ‘जहां झुग्गी, वहीं मकान’ बना कर दिया जाएगा और अब ये लोग इन सबको तोडऩे के लिए आ गए। सीएम अरविंद केजरीवाल ने नगर निगम का चुनाव कराने की मांग करते हुए कहा कि पूरी दिल्ली जानती है कि इस बार एमसीडी में ‘आप’ की सरकार बनेगी। जैसे हमने शिक्षा-स्वास्थ्य में बेहतर काम किया। बिजली ठीक की और पानी ठीक रहे हैं। ऐसे हम अवैध अतिक्रमण को भी ठीक करेंगे। मैने आज बैठक कर अपने विधायकों को कहा है कि आपको जेल भी जाना पड़े, तो डरना मत, लेकिन जनता के साथ खड़ा होना है। इस तरह से बुलडोजर चलाना, दादागिरी-गुंडागर्दी और अपनी पावर का गलत इस्तेमाल करना सही नहीं है। अरविंद केजरीवाल ने आज एक महत्वपूर्ण डिजिटल प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि पिछले कुछ हफ्तों से हम लोग देख रहे हैं कि दिल्ली के अंदर भारतीय जनता पार्टी द्वारा शासित नगर निगम की तरफ से दिल्ली में कई जगह बुलडोजर चलाए जा रहे हैं और कहा जा रहा है कि अभी कई महीनों तक बुलडोजर चलाए जाएंगे। वो कह रहे हैं कि हम दिल्ली से सारा अतिक्रमण हटाने जा रहे हैं। जितना भी अवैध अतिक्रमण और अवैध निर्माण है, वो सारी हटाई जाएंगी। हम खुद भी अतिक्रमण के खिलाफ हैं। हम नहीं चाहते हैं कि अतिक्रमण होना चाहिए। हम नहीं चाहते हैं कि अवैध बिल्डिंग बननी चाहिए। लेकिन इसमें दो चीजें महत्वपूर्ण हैं। पहला यह कि पिछले 75 साल में दिल्ली जिस तरह से बनी है, दिल्ली प्लैंड तरीके से नहीं बनी है। दिल्ली जिस तरह से बनी है, उसमें 80 फीसद से अधिक दिल्ली अतिक्रमण के दायरे में आएगी। अब यह प्रश्न उठता है कि क्या अब 80 फीसद दिल्ली को तोड़ा जाएगा।
 अरविंद केजरीवाल ने कहा कि दूसरी बात यह कि जिस तरीके से अतिक्रमण हटाया जा रहा है। ना कोई कागज है, ना कोई मौका दिया जा रहा है। बुलडोजर लेकर बस किसी भी कॉलोनी में पहुंच जाते हैं और किसी का भी घर या दुकान तोडऩे लग जाते हैं। वो आदमी कागज लेकर सडक़ पर खड़ा है। वो चिल्ला रहा है, दया की भीख मांग रहा है कि मेरे कागज तो देख लो। मेरे पास कागज हैं। यह अवैध और अतिक्रमण नहीं है। 40-40 साल से यहां पर रह रहा हूं और मेरे पास कागज भी है, लेकिन कोई कागज नहीं देखा जा रहा है, सिर्फ बुलडोजर चलाया जा रहा है। यह तो सही नहीं है। जिस तरीके से अतिक्रमण हटाया जा रहा है, हम उसके खिलाफ हैं। इनकी प्लानिंग है कि दिल्ली की सारी कच्ची कॉलोनियों को तोड़ा जाएगा। दिल्ली की कच्ची कॉलोनियों में करीब 50 लाख लोग रहते हैं। इनकी प्लानिंग है कि दिल्ली की सारी झुग्गियों को तोड़ा जाएगा। दिल्ली की झुग्गियों में लगभग 10 लाख लोग रहते हैं। इसके अलावा, इन लोगों नेे करीब तीन लाख प्रॉपर्टी की लिस्ट बना रखी है, जहां पर इनका कहना है कि किसी ने नक्शे के इतर बालकनी, कमरा आदि बना लिया है, उस अतिक्रमण को तोड़ा जाएगा। इस तरह, करीब 63 लाख लोगों के घर के उपर बुल्डोजर चलेंगे। मैं समझता हूं कि यह आजाद भारत का सबसे बड़ा विध्वंस होगा।