108 सेवा के बर्खास्त कर्मियों के समर्थन में फील्ड मार्शल दिवाकर भट्ट उतरे फील्ड में
देहरादून, ( आखरीआंख ) प्रदेश में सरकार की मनमानी के चलते 108 सेवा के बर्खास्त किए गए कर्मचारियों के समर्थन में उक्रांद सुप्रीमो फील्ड मार्शल दिवाकर भट्ट प्रदेश सरकार के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाते हुए फील्ड में उतरे। दिवाकर भट्ट दल के संरक्षक काशी सिंह ऐरी, वरिष्ठ नेता लताफत हुसैन, कार्यकारी अध्यक्ष हरीश पाठक, जयदीप भट्ट, महानगर अध्यक्ष संजय छेत्री, जिला अध्यक्ष विजय बौड़ाई, हरिद्वार के जिला अध्यक्ष राकेश राजपूत, केंद्रीय संगठन सचिव मनोज ममंगाई सहित 50 से अधिक कार्यकर्ताओं के साथ धरना स्थल पर पहुंचे और 108 कर्मियों के समर्थन में धरने दिया।
108 कर्मियों के आंदोलन में जोश भरते हुए उन्होंने कहा कि कर्मचारी को बर्खास्त करके सरकार ने नियम विरुद्ध कार्य किया है। अगर कभी एक कंपनी बंद होने पर दूसरी कंपनी द्वारा उसे अधिग्रहित किया जाता है तो नियमानुसार कंपनी के कर्मचारियों के भविष्य को ध्यान में रखना पहली शर्त होती है। लेकिन लगभग 11 वर्षों से 108 जीवनदायिनी सेवा को अपनी सेवाएं दे रहे कर्मचारियों की भविष्य की अनदेखी करके बाहरी कंपनी को कार्य सौंपना प्रदेश सरकार की बेरोजगारों के प्रति असंवेदनशीलता को दर्शाता है। उन्होंने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर शीघ्र ही पुराने वेतनमान में 108 कर्मियों को समायोजित नहीं किया गया तो वह दिन दूर नहीं जब सरकार को इसी 108 एंबुलेंस में डालकर जनता आईसीयू तक पहुंचा देगी। आंदोलनरत कर्मचारियों को संबोधित करते हुए दल के संरक्षक काशी सिंह ऐरी ने कहा कि कांग्रेस और भाजपा दोनों ही राज्य में बेरोजगारों की फौज खड़ी करने की जिम्मेदार हैं। उन्होंने कांग्रेस पर 108 कर्मियों को समर्थन के बहाने राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस के जमाने में ही ठेका प्रथा की शुरुआत हुई थी। आज 108 कर्मचारियों की बदहाल स्थिति के लिए कांग्रेस भी पूरी तरह जिम्मेदार है। वरिष्ठ नेता लताफत हुसैन ने भी धरने को संबोधित किया।
