बढ़े बिजली बिलों पर सरकार और ऊर्जा निगम को घेरा
बागेश्वर । पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष हरीश ऐठानी ने बिजली बिलों में लगातार हो रही भारी बढ़ोतरी को लेकर प्रदेश सरकार और ऊर्जा निगम पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि विभागीय लापरवाही के कारण ग्रामीण क्षेत्रों के उपभोक्ताओं को 50 हजार रुपये से लेकर एक लाख और डेढ़ लाख रुपये तक के बिजली बिल भेजे जा रहे हैं, जबकि कई उपभोक्ता नियमित रूप से बिल जमा करते रहे हैं। ऐठानी ने कहा कि ऊर्जा निगम पुराने मीटरों में खराबी का हवाला देकर उपभोक्ताओं पर मनमाने बिल थोप रहा है। साथ ही अब स्मार्ट मीटर लगाने की तैयारी की जा रही है।उनका आरोप है कि बढ़े हुए बिजली बिलों के मुद्दे पर भाजपा के जनप्रतिनिधि भी खुलकर आवाज नहीं उठा रहे हैं, जिससे आम जनता खुद को ठगा हुआ महसूस कर रही है। उन्होंने कहा कि गरीब और मध्यमवर्गीय परिवार इतने भारी-भरकम बिजली बिलों का भुगतान करने में असमर्थ हैं, लेकिन सरकार उनकी समस्याओं के समाधान के बजाय अनदेखी कर रही है। ऐठानी ने बताया कि फरवरी में कपकोट में आयोजित महापंचायत के दौरान ऊर्जा निगम को 43 शिकायतें मिली थीं। इस संबंध में मामला जिलाधिकारी के समक्ष भी उठाया गया, लेकिन अब तक उपभोक्ताओं की समस्याओं का समाधान नहीं हो सका है। उन्होंने ऊर्जा निगम से सभी विवादित और अधिक राशि वाले बिजली बिलों की निष्पक्ष जांच कर प्रभावित उपभोक्ताओं को शीघ्र राहत देने की मांग की।
