पाकिस्तानी गोला बारी में उत्तराखण्ड़ के दो जवान शहीद
देहरादून। पिथौरागढ़ के दो जाबांज सैनिकों ने कश्मीर के उड़ी बारामुला में पाक की तरफ से शुक्रवार को सैन्य ठिकानों पर हुए हमले में देश के लिए वीरता का प्रदर्शन कर अपने प्राण न्यौछावर किए। नापड़ के हवलदार गोकर्ण सिंह और गंगोलीहाट के नाली गांव के नायक शंकर सिंह महरा के सीमा पर शहीद हो जाने से यहां उनके परिवार में कोहराम मचा हुआ है। दोनों जवान भारतीय सेना के कुमाऊं रेजीमेंट में तैनात थे। सेना शहीदों के पार्थिव शरीर उनके पैतृक गांव लाएगी। रविवार तक दोनों के पार्थिव शरीर गांव पहुंचने की उमीद है।पाकिस्तान ने शुक्रवार को दिन में करीब साढ़े तीन बजे भारतीय सैन्य और नागरिक ठिकानों में गोलीबारी की, जिसमें चार जवान घायल हो गए। राष्ट्र की रक्षा के लिए भारतीय सेना की कुमाऊं रेजीमेंट में तैनात नापड़ के गोकर्ण सिंह चुफाल 40 और गंगोलीहाट के शंकर सिंह महरा 30 ने इस हमले में आतंकियों का मुंहतोड़ जवाब दिया। बाद में सेना अस्पताल में दोनों ने उपचार के दौरान देश के लिए अपने प्राण न्यौछावर किए। दोनों जवानों की शहादत से पूरा सीमांत जिला पिथौरागढ़ शोक में डूब गया है। शहीद जाबांजों के घरों में परिजनों का रोरोकर बुरा हाल है।
दोनों जवानों के उड़ी बरामुला में शहीद होने की जानकारी है। पार्थिव शरीर रविवार में दिन में 11बजे बरेली पहुंचेंगे, जिसके बाद वहां से उन्हें पिथौरागढ़ लाया जाएगा।- डॉ. विजय कुमार जोगदंडे, डीएम, पिथौरागढ़।
