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October 21, 2026

पंचायत चुनावों में सरकार करे 2 बच्चों के प्रावधान को तत्काल बन्द : महिला मंच

 

अल्मोड़ा ,( आखरीआंख समाचार )  वीरांगना संगठन के बैनर तले महिला प्रधान, उपप्रधान व वार्ड सदस्यों का सोमनाथ मैदान में मिलन समारोह का आयोजन हुआ। सम्मेलन में महिला पंचायत प्रतिनिधियों ने स्वास्थ्य व जंगली जानवरों की समस्या पर चिंता व्यक्त की। महिलाओं ने कहा कि हम सरकार का मोह ताकते-ताकते थक गए है, इसलिए हम टोली बनाकर जंगली जानवरों से फसल को बचा रहे हैं।

संजीवनी संस्था व द हंगर प्रोजेक्ट के सहयोग से आयोजित सम्मेलन का आरम्भ प्रेरणा गीत के साथ हुआ। संजीवनी संस्था के सचिव महेश घुगुतियाल ने सम्मेलन का उद्देश्य बताते हुए कहा कि द हंगर प्रोजक्ट पंचायत में 50 प्रतिशत महिला आरक्षण का लाभ पूरी तरह महिलाओं को मिले इस उद्देश्य से पंचायत में महिलाओं की अधिक से अधिक सशक्त भूमिका को लेकर जागरूकता का काम कर रहा है। सम्मेलन की अध्यक्षता मुन्नी पाटनी ने कहा कि आज महिलायें पंचायतों में भी सकिय भूमिका निभाने का प्रयास कर रही हैं। महिलायें पहाड़ की रीढ़ , अधिकतर गृहस्थी का कार्य-बच्चों की देखभाल से लेकर खेती व पशुपालन का कार्य उन्हीं के ऊपर है। हमारा मानना है कि अपने गावं से महिलाओं को गहरा जुड़ाव , इसलिये पंचायतों में अपनी मजबूती से वह गांव को सही विकास की दिशा में ले जा सकती हैं। मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए ब्लॉक प्रमुख दीपक बोरा ने कहा कि महिला प्रतिनिधियों ने कहा कि आज महिलाएं हर स्तर पर आगे आ रही हैं। पंचायतों में भी उन्होंने आपना नेतृत्व विकास किया है, अपने गांव समाज की समस्याएं उठाई हैं। आज आप लोगों की बेबाकी देखकर गर्व महसूस हो रहा है। उन्होंने कहा कि वह उनकी समस्यायों के समाधान कर हर सम्भव मदद करगें ।

सम्मेलन में वीरांगना संगठन की अध्यक्षता सुनीता देवी ने कहा कि महिलाओं ने कहा कि 50 प्रतिशत आरक्षण से महिलाओं को भी पंचायतों में आने का मौका मिला लेकिन ये कहने भर को था, क्योंकि सारा कार्य पुरूष ही करते थे, लेकिन अब ताकुला विकासखण्ड की महिला पंचायत प्रतिनिधि स्वयं नेतृत्व लेकर अपने पद का काम कर रही हैं। अपने पद का एहसास कर रहीं हैं। महिलाओं ने कहा कि आगामी पंचायत चुनाव में दो बच्चों का प्रावधान को लागू ना करने की सरकार से अपील की। हैं।  उन्होंने कहा कि इस तरह के प्रावधान को लागू कर हर नागरिक के संवैधानिक अधिकारों का हनन होगा। इस प्रावधान से महिलाओं को पंचायतों में 50 : आरक्षण की सोच पर भी गहरी चोट होगी। वर्तमान में हरियाणा, हिमांचल प्रदेश व मध्यप्रदेश ने इस प्रावधान को समाप्त कर दिया है। सम्मेलन में 250 महिला प्रधान व वार्ड सदस्यो ने प्रतिभाग किया ।

इस अवसर पर कृपाल सिंह भोज, संतोष कुमार, कुन्दन गिरी गोस्वामी, सुनीता आर्या, तुलसी मेहरा, कमला नयाल, भगवाती उपाध्याय, सगीता आर्या, मुन्नी देवी, पुष्पा बोरा, प्रेमा देवी, मुन्नी वर्मा, अम्बा आर्या, कमला गोस्वामी, मुन्नी पाटनी, धना गोस्वामी, नंदी देवी, पार्वती बिष्ट, बसंती आर्या,रेखा देवी, कमला जोशी, दुर्गा आर्या, कमला नयाल, लाजवांती आर्या, कौशल्या बिष्ट, कमला गोस्वामी, तुलषी आर्या आदि ने संबोधित किया। अध्यक्षता मुन्नी पाटनी और संचालन प्रेमा आर्या ने किया।

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