बागेश्वर में बोर्ड परीक्षा–2026 की कड़ी तैयारी: 51 केंद्रों पर 6444 परीक्षार्थी, नकल पर शून्य सहिष्णुता की नीति लागू
बागेश्वर । उत्तराखंड के पर्वतीय जनपद बागेश्वर में हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परिषदीय परीक्षा–2026 को निष्पक्ष, नकलविहीन एवं शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए प्रशासन ने व्यापक एवं बहुस्तरीय तैयारियां सुनिश्चित कर दी हैं। 21 फरवरी से 20 मार्च 2026 तक आयोजित होने वाली इन परीक्षाओं को लेकर जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे की अध्यक्षता में मुख्य शिक्षा अधिकारी कार्यालय सभागार में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक संपन्न हुई, जिसमें परीक्षा प्रबंधन, सुरक्षा प्रोटोकॉल और प्रशासनिक समन्वय के प्रत्येक पहलू पर गहन विमर्श किया गया।
बैठक में स्पष्ट किया गया कि जनपद के कुल 51 परीक्षा केंद्रों पर इस वर्ष 6444 परीक्षार्थी बोर्ड परीक्षा में सम्मिलित होंगे। इनमें हाईस्कूल के 3197 तथा इंटरमीडिएट के 3247 छात्र-छात्राएं शामिल हैं। विशेष रूप से उल्लेखनीय है कि हाईस्कूल के 53 और इंटरमीडिएट के 101 संस्थागत छात्र भी परीक्षा में भाग लेंगे। परीक्षा संचालन की पारदर्शिता एवं अनुशासन सुनिश्चित करने के लिए 12 सेक्टर मजिस्ट्रेटों की तैनाती की गई है, जबकि 02 सचल दल निरंतर निगरानी कर किसी भी संभावित अनियमितता पर त्वरित कार्रवाई करेंगे।
जिलाधिकारी ने परीक्षा ड्यूटी में तैनात समस्त शिक्षकों एवं कर्मचारियों को प्रातः 09 बजे तक अनिवार्य रूप से उपस्थिति दर्ज कराने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी स्तर पर प्रशासनिक शिथिलता की गुंजाइश न रहे। केंद्र व्यवस्थापकों को निर्देशित किया गया कि परीक्षा प्रारंभ होने से पूर्व परीक्षार्थियों को नियमावली एवं दिशा-निर्देशों से भली-भांति अवगत करा दिया जाए, जिससे भ्रम अथवा अव्यवस्था की स्थिति उत्पन्न न हो।
प्रशासन ने परीक्षा कक्ष में मोबाइल फोन के पूर्ण निषेध को कड़ाई से लागू करने का निर्णय लिया है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि किसी भी प्रकार की अनियमितता अथवा कदाचार पाए जाने पर कठोरतम दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही डीईओ पीआरडी को आवश्यक मानव संसाधन तत्काल शिक्षा विभाग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए, ताकि परीक्षा संचालन में किसी प्रकार की बाधा न उत्पन्न हो।
मुख्य शिक्षा अधिकारी विनय कुमार ने जानकारी दी कि सभी केंद्रों पर सुरक्षा एवं प्रशासनिक व्यवस्थाएं सुदृढ़ की जा चुकी हैं। बैठक में एसडीएम प्रियंका रानी, एसडीएम अनिल चन्याल, जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक) आशा राम, सीओ अजय साह सहित समस्त खंड शिक्षा अधिकारी, सेक्टर मजिस्ट्रेट एवं केंद्र व्यवस्थापक उपस्थित रहे।
स्पष्ट है कि जनपद प्रशासन इस बार बोर्ड परीक्षाओं को लेकर किसी भी प्रकार की लापरवाही के मूड में नहीं है। कठोर निगरानी, सुदृढ़ व्यवस्थाएं और शून्य सहिष्णुता की नीति के साथ बागेश्वर प्रशासन ने यह संदेश दे दिया है कि परीक्षा की पवित्रता और छात्रों के भविष्य से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार्य नहीं होगा।
