June 13, 2026

बागेश्वर में मातृशक्ति ने किया शराब की दुकानों और बीयर बार के खुलने का विरोध 

बागेश्वर ( आखरीआंख )   नगर में नये बीयर बारों और शराब के दुकानों का खुलने का मातृशक्ति ने खुला विरोध शुरू कर दिया है। क्षेत्र की महिलाओं ने कहा कि सरकार युवाओं को रोजगार तो नहीं दे पा रही है, लेकिन उन्हें नशे की गर्त में डालने का काम जरूर कर रही है। नगर में पहले ही कई शराब की दुकानें है। यहां और दुकानें खोलने में तुली हुई है। वालादेवी वार्ड में किसी भी तरह की दुकान और बार नहीं खोलने दिये जायेंगे। शुक्रवार को सभासद नीमा दफौटी के नेतृत्व में महिलाएं तहसील परिसर में एकत्रित हुईं। यहां जोरदार नारेबाजी के साथ उन्होंने प्रदर्शन किया। इसके बाद यहां हुई सभा में वक्ताओं ने कहा कि सरकार को सिर्फ अपने राजस्व की चिंता है। इसे पूरा करने के लिए घर-घर में शराब पहुंचाने का काम कर रही है। शराब ने पहले ही पहाड़ में कई घरों को बर्बाद कर दिया है। घरेलू हिंसा की जड़ भी शराब ही है। कई लोग इस नशे को पूरा करने के लिए अपनी पत्नी का जेवर तक बेच रहे हैं। सरकार युवाओं को रोजगार देने की बात तो मंचों पर करती है, लेकिन धरातल पर कुछ और ही होता है। सरकार शराब माफियाओं की कठपुतली बनती जा रही है। जीरो टॉलरेंस की बात करने वाली सरकार अब गांव-गांव में शराब पहुंचाने में लग गई है। सरकार की इस मंशा को कतई पूरा नहीं होने दिया जाएगा। महिलाओं ने कहा कि उन्हें सूचना मिली है कि वालदेवी वार्ड में शराब बीयर बार खुलने जा रहा है। इसे किसी भी हाल में खुलने नहीं दिया जाएगा। इसके लिए आंदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी। इसके बाद उन्होंने तहसीलदार नवाजीश खलील को ज्ञापन सौंपा। यहां पूर्व पालिकाध्यक्ष गीता रावल, उमा गुरुरानी, एनएसयूआई की जिला उपाध्यक्ष गीतांजिल मंगोतरा, सुनीता टटा, हेमा जोशी, सावित्री देवी, मालती पांडेय, कुसुमा देवी, इंदिरा देवी तथा कमला आदि मौजूद रहीं।