बागेश्वर में मूसलाधार बारिश से जिले की नौ सड़कों पर यातायात पूरी तरह से ठप, पांच मकान ध्वस्त
बागेश्वर। मानसून सीजन अंतिम दौर में चल रहा है, लेकिन जिले में बारिश से नुकसान का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। बीती रात जिले में मूसलाधार बारिश हुई। जिसके चलते कांडा, गरुड़ और काफलीगैर क्षेत्र में पांच मकान ध्वस्त हो गए। जिले की नौ सड़कों पर भूस्खलन और मलबा आने से यातायात पूरी तरह से ठप है। जिससे ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
मंगलवार की शाम से शुरू हुई बारिश का सिलसिला बुधवार की सुबह तक चला। इस दौरान बारिश से जनजीवन पर व्यापक असर पड़ा। कांडा तहसील के धपोलासेरा गांव निवासी अनिल सिंह पुत्र भूपेंद्र सिंह का मकान अतिवृष्टि के चलते टूट गया। पंगचैड़ा के सुरेंद्र सिंह पुत्र त्रिलोक सिंह का मकान भी बारिश की भेंट चढ़ गया। गरुड़ तहसील के अयारतोली गांव में आनंदी देवी पत्नी स्व. कमल सिंह का आवासीय मकान भी बारिश से क्षतिग्रस्त हो गया। काफलीगैर तहसील के असों गांव में हयात सिंह पुत्र बहादुर सिंह का आवासी मकान भी ध्वस्त हो गया। बागेश्वर के फल्टनियां गांव की नंदीदेवी पत्नी मोहन राम का मकान पूरी तरह से ध्वस्त हो गया। प्रभावित परिवार को उसके भाई के यहां ठहराया गया है। प्रभावित परिवारों को हुए नुकसान की रिपोर्ट राजस्व निरीक्षकों ने तहसील प्रशासन को सौंप दी है।
कपकोट में 55 मिमी बारिश
बागेश्वर। बारिश का सबसे अधिक असर कपकोट क्षेत्र में रहा। यहां 55 मिमी बारिश हुई। गरुड़ में 25 मिमी और बागेश्वर में 10 मिमी बारिश रिकॉड की गई। कपकोट में भारी बारिश से सरयू नदी का जलस्तर बढ़कर 867.20 और गोमती का 863.90 मीटर पहुंच गया है।
बारिश से नौ सड़कों पर यातायात ठप
बागेश्वर। मंगलवार रात हुई मूसलाधार बारिश का असर जिले की सड़कों पर अधिक पड़ा है। लोनिवि कपकोट के सनगाड़-बास्ती मोटर मार्ग पर किमी तीन में दीवार टूटने से यातायात ठप है। कंधार-रौल्यांना-मजकोट ग्रामीण मार्ग किमी सात में दीवार धंसने से बंद है। हरसीला-पुड़कूनी मोटर मार्ग किमी नौ, शामा नौकोड़ी किमी आठ व 14, कपकोट-लीली किमी 14, बघर मोटर मार्ग किमी पांच, लीती-गोगिना किमी नौ, रौल्यांना-लोहागढ़ी किमी दो और किमी आठ पर रोड टूटने से बंद हैं।
कई घंटे बंद रहा तेजम स्टेट हाईवे
बागेश्वर। कपकोट-शामा-तेजम राय मार्ग पर मंगलवार की रात भूस्खलन होने से पहाड़ी का एक हिस्सा आकर गिर गया। बुधवार की सुबह से घंटों तक सड़क बंद रही। जिससे विद्यालय जाने वाले शिक्षकों सहित कई अन्य लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। सड़क के दोनों ओर वाहनों की कतार लग गई। दोपहर के समय सड़क को सुचारू कराया जा सका।
