March 13, 2026

महिला व युवक मंगल दलों को प्रशिक्षण की तैयारी: प्रभारी जिलाधिकारी

बागेश्वर ।   आपदा प्रबन्धन का सही क्रियान्वयन करने एवं गैर स्वयंसेवी संस्थाओं के द्वारा ग्राम स्तर पर महिला मंगल दल एवं युवक मंगल दलों के माध्यम से ग्रामीण स्तर पर निवास कर रहे लोगों को प्रशिक्षण देने के सम्बन्ध में प्रभारी जिलाधिकारी राहुल कुमार गोयल ने जिला स्तरीय एवं ब्लाक स्तरीय प्रबन्धन समिति व एन.जी.ओ. के प्रतिनिधियों के साथ कलैक्ट्रेट सभागार में समीक्षा बैठक की। बैठक की समीक्षा करते हुए प्रभारी जिलाधिकारी ने अब तक किये गये कार्यक्रमों की जानकारी प्राप्त की। जिस पर जिला आपदा प्रबन्धन अधिकारी शिखा सुयाल ने प्रभारी जिलाधिकारी को अवगत कराया है कि जनपद में आपदा से बचाव एवं राहत कार्यो में युवा एवं महिला मंगल दलों की भूमिका को सुनिश्चित करते हुए आम जनसहभागिता के साथ त्वरित कार्य करने हेतु चयनित ग्राम पंचायतों में 05 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम एवं चयनित विद्यालयों में 01 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन एनजीओ के द्वारा दिया जायेगा। इस वर्ष के दौरान जनपद बागेश्वर में 131 युवा मंगल दल एवं 134 महिला मंगल दलों को 07 एनजीओ के माध्यम से प्रशिक्षण दिया जाना प्रस्तावित है।बैठक में प्रभारी जिलाधिकारी ने उपस्थित अधिकारियों एवं एन.जी.ओ. के सदस्यों को निर्देश दिये है कि आपदा प्रबन्धन के सम्बन्ध में ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को जागरूक करने के लिए जो प्रशिक्षण दिया जा रहा है वह उच्चकोटी का हो जिससे ग्रामवासियों का उचित मार्गदर्शन हो सके। उन्होंने यह भी कहा है कि क्षेत्र में कोर्इ भी दुर्घटना घटित होने पर इसकी प्रथम सूचना ग्रामवासियों द्वारा ही उपलब्ध करायी जाती है जिसके लिए उन्हें तत्काल दिये जाने वाली सुरक्षा सम्बन्धी जानकारी का भी प्रशिक्षण दिया जाय। उन्होंने यह भी कहा कि दैवीय आपदा/प्राकृतिक आपदा के साथ-साथ समाज में अन्य घटित होने वाली घटना भी एक आपदा है जिसमें घरेलू विवाद, मानसिक तनाव आदि के सम्बन्ध में भी लोगों को जागरूक कर उन्हें उचित मार्गदर्शन एवं प्रशिक्षण दिया जाय। उन्होंने निर्देश दिये है कि आपदा प्रबन्धन एक संवेदनशील एवं महत्वपूर्ण, व जिम्मेदारी भरा कार्य है इसको कोर्इ भी अधिकारी एवं कर्मचारी किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरते लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही अमल में लायी जायेगी। उन्होंने जिला युवा कल्याण अधिकारी को निर्देश दिये है कि उनके द्वारा ग्राम स्तर पर बनाये गये युवक मंगल एवं महिला मंगल दल की पूर्ण जानकारी जिला आपदा प्रबन्धन को उपलब्ध कराये। प्रभारी जिलाधिकारी ने शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिये है कि प्रशिक्षण हेतु चयनित विद्यालयों की सूची को अनिवार्य रूप से जिला आपदा प्रबन्धन को उपलब्ध करा दें, ताकि नियमानुसार चयनित विद्यालयों में प्रशिक्षण हेतु रोस्टर तैयार किया जा सकें। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी एस0एस0एस0पांगती ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि एनजीओ के माध्यम से दिये जाने वाले 06 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में यह सुनिश्चित किया जाय कि युवा मंगल दल, महिला मंगल दल एवं स्कूली छात्र-छात्रायें अधिक प्रतिभाग करें, साथ ही यह सुनिश्चित किया जाय कि दिये जाने वाला प्रशिक्षण व्यवहारिक एवं आकर्षित रूप में हो ताकि अधिक से अधिक लोग इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में जुड़कर जागरूक हो सकें। उन्होंने कहा कि पहाड़ी जनपद आपदा की दृष्टि के अतिसंवेदनशील है इसलिए यह जरूरी है कि अधिक से अधिक स्थानीय लोंगो को आपदा के दौरान किये जाने वाले बचाव कार्य एवं आपदा के रोकने के लिए किये जाने वाले विभिन्न गतिविधियों की व्यवहारिक जानकारी हो। उन्होंने एनजीओ के सदस्यों को निर्देशित करते हुए कहा कि आपदा से बचाव हेतु दी जाने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रोजेक्टर आदि के माध्यम से आपदा की भयावता को दिखाते हुए इसकी भयावता के कम एवं समाप्त करने हेतु किये जाने वाले कार्यो का भी प्रदर्शन किया जाय, जिससे प्रशिक्षको को अधिक से अधिक व्यवहारिक प्रशिक्षण मिले जिससे वे और अधिक संवदेनशीलता के साथ त्वरित कार्यवाही कर सकें। बैठक में उपजिलाधिकारी बागेश्वर राकेश चन्द्र तिवारी, जिला पूर्ति अधिकारी अरूण कुमार वर्मा, जिला युवा कल्याण अधिकारी अर्जुन सिंह रावत सहित खण्ड शिक्षा अधिकारी एवं एन.जी.ओ. के प्रतिनिधि मौजूद थे।