खबर का बड़ा असर :: जिलाधिकारी ने किया जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण, नवजात शिशु की मौत की जाँच को समिति गठित, आखरीआंख ने उठाया था प्रमुखता से
बागेश्वर । कुछ दिनो पूर्व आपके प्रिय डिजिटल अखबार आखरीआंख द्वारा जिला अस्पताल बागेश्वर में नवजात शिशु की मौत की खबर को प्रमुखता से उठाया गया था।जिसका तुरंत संज्ञान लेते हुए आज जिलाधिकारी रंजना राजगुरु ने आज जिला अस्पताल बागेश्वर का औचक निरीक्षण कर मरीजों को दी जाने वाले विभिन्न चिकित्सकीय सुविधाओं एवं वहां लगाये गये विभिन्न उपकरणों की ंसंचालन व्यवस्थाओं आदि का जायजा लिया जिलाधिकारी ने निरीक्षण के दौरान मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को निर्देश दिये कि जिला अस्पताल में स्वास्थ सुविधाओं को बेहतर करने हेतु लगाये गये विभिन्न उपकरणों का विधिवत रूप में संचालन सुनिश्चित किया जाय इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही एवं कोताही न बरती जाय। उन्होंने कहा कि स्वास्थ सुविधाओं का लाभ सभी को बेहतर से बेहतर रूप में मिले इसके लिए यह आवश्यक है कि इस हेतु तैनात किये गये चिकित्सक एवं कर्मचारी अपने कर्तव्यों एवं दायित्वों का निवर्हन र्इमानदार पूर्वक करें। उन्होंने सीएमएस को यह भी निर्देश दिये कि चिकित्सालय में चिकित्सकीय सुविधाओं हेतु तैनात किये गये चिकित्सको के कार्यो का औचक रूप से निरीक्षण किया जाय ताकि संबंधितों के कार्य निष्पादन में गुणात्मक सुधार लाया जा सकें। जिलाधिकारी ने विगत दिनों जिला चिकित्सालय में हुर्इ नवजाज शिशु की मृत्यु पर सीएमएस से विस्तृति रिपोर्ट तैयार कर जल्द से जल्द प्रेषित करने को कहा साथ ही यह भी कहा जांच रिपोर्ट में दोषी पाये जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ कठोर से कठोर कार्रवार्इ की जाय। सीएमएस ने जिलाधिकारी को अवगत कराया कि नवजाज शिशु की मृत्यु के संबंध में डॉ0 मुन्ना लाल की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय समिति का गठन किया गया हैं। निरीक्षण कि दौरान जिलाधिकारी ने प्रसव कक्ष, महिला कक्ष, ओपीडी, नेत्र कक्ष, दंत कक्ष पैथोलॉजी कक्ष इंमरजेंसी एवं दवा वितरण आदि कक्षों का निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाओं जायजा लेते हुए संबंधितों को निर्देशित करते हुए कहा कि जिला अस्पताल में स्वास्थ सेवाओं को बेहतर से बेहतर करने हेतु सभी आपसी समन्वय के साथ एकजुट होकर कार्यो का निवर्हन करें उन्होंने चिकित्सको को यह भी निर्देश दिये कि बाहर की दवार्इया न लिखी जाय, केवल अस्पताल की अधिकृत दवार्इयां ही लिखी जाय ताकि मरीजों को निशुल्क रूप से स्वास्थ सुविधायें उपलब्ध हों। उल्लेखनीय है कि जिलाधिकारी के प्रयासों से डिजिटल एक्सरे मशीन, थाइरार्इड़ हेतु हारमोनल मशीन, नेत्र चिकित्सा हेतु डिजिटल उपकरण आदि को जिला िचाकित्सालय मे ंलगाया गये है इसके अतिरिक्त जनपद मे ंचिकित्सा सुविधाओं का और अधिक बेहतर करने के लिए कुल 176.45 लाख के उपकरण क्रय हेतु प्रस्ताव नेश्नल हैंथ मिशन भी में रखा गया हैं, ताकि जनपद की स्वास्थ सुविधाओं को और अधिक बेहतर किया जा सकें।निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने मरीजों से संवाद करते हुए उन्हें दी जा रही विभिन्न चिकित्सकीय सुविधाओं एवं इन सुविधाओं को और अधिक बेहतर बनाने के लिए उनसे भी सुझाव भी लिय। जिलाधिकारी ने चिकित्सको से संवाद कर कहा कि जिला प्रशासन स्वास्थ सेवाओं को बेहतर से बेहतर करने के लिए प्रतिबद्ध है इसके लिए यदि नये उपकरण क्रय किया जाने है इसके लिए प्रस्ताव सीएमएस के माध्यम से उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी ने कहा कि स्वास्थ सुविधाओं में धन की कमी कहीं आडे नही आने दिया जायेगा इसके लिए अनटार्इड फंड से धन अवमुक्त किया जायेगा। निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी राकेश चन्द्र तिवारी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ0 एस0पी0त्रिपाठी, डॉ0 एल0एस0टोलिया, डॉ0 राजीव उपाध्याय, डॉ0 रीमा, डॉ0 आशा मेहता सहित विभिन्न चिकित्सक मौजूद रहें।
