छात्रों ने आमरण अनशन के अनुमति के लिए डीएम को भेजा पत्र
चपावत। टनकपुर छात्रसंघ पदाधिकारियों का पांचवें दिन भी कॉलेज प्रशासन के खिलाफ धरना प्रदर्शन जारी है। छात्रसंघ के पदाधिकारियों ने गुरुवार को डीएम को पत्र लिख भेज आमरण अनशन में बैठने की अनुमति मांगी। ताकि प्रदर्शन के दौरान प्रशासन उन्हें बेवजह परेशान न करे।छात्रों ने कहा कि कर्नाटक भ्रमण के लिए दो दिसंबर को रूसा नोडल अधिकारी ने परीक्षा का आयोजन किया था। परीक्षा का समय 11 बजे से 12 बजे तक रखा गया। वहीं प्राध्यापकों ने परीक्षा में छात्रों को 12 बजे के बाद भी बैठने दिया। परीक्षा के दूसरे दिन ही परिणाम घोषित किए थे। जिसमें 50 विद्यार्थियों का चयन किया गया था। सूची चस्पा होने के बाद देखने पर केवल 49 विद्यार्थी ही महाविद्यालय में अध्ययनरत निकले। जबकि एक अन्य बाहर से आया व्यक्ति है। इसे देखते हुए परीक्षा में धांधली का आरोप लगाया गया था। जिसमें परीक्षा दोबारा करवाने की मांग की गई थी। इसके लिए कॉलेज प्रशासन ने जांच टीम गठित की थी। जांच में सीसीटीवी फुटेज देखे गए जो केवल जांच टीम ने ही देखी है। फुटेज को समस्त विद्यार्थियों के सामने दिखाने की मांग की गई मगर अब तक इस पर अमल नहीं किया गया है। छात्रों ने कहा कि ललित मोहन जोशी के नेतृत्व में छात्रसंघ पदाधिकारी शुक्रवार से आमरण अनशन के लिए बाध्य होंगे। प्रदर्शन में दीपक बेलवाल, मो. हारुन, करन सिंह, वीरेन्द्र सिंह, सूरज गुप्ता, नेहा गड़कोटी, संगीता विश्वकर्मा, अल्का वर्मा आदि मौजूद रहे।
