March 26, 2026

प्रदेश में हुआ मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना का शुभारंभ

 

बागेश्वर । उत्तराखण्ड राज्य में गर्भवती महिलाओं के पोषण एवं स्वास्थ्य की स्थिति में अधिक सुधार लाने हेतु तथा नवजात शिशु के बेहतर पोषण हेतु मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना का शुभारम्भ प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी एवं महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती रेखा आर्या द्वारा किया। कार्यक्रम का शुभारम्भ करते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य प्रसवोपरांत माँ और कन्या शिशु की देखभाल को प्रोत्साहित करने के लिए संचालित की जा रही है। इस योजनान्तर्गत प्रसवोपरांत महिला को प्रथम दो बालिकाओं के जन्म पर एक-एक किट एवं जुड़वा बच्चियों के जन्म पर महिला को एक एवं बच्चियों को पृथक दो किट दी जायेंगी। उन्होंने कहा कि बेटी एवं बेटे में किसी प्रकार का भेदभाव नहीं करना चाहिए, तथा जहॉ नारी का सम्मान होता है वहॉ देवताओं का वास होता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा बेटी बचाओं-बेटी पढाओं योजना के सफल क्रियान्वयन का परिणाम है कि जो लिंग अनुपात कम हो रहा था उसमें अब बढोत्तरी हुर्इ है। उन्होंने कहा कि सरकार हर क्षेत्र में कार्य कर रही है जिसके लिए कर्इ महत्वकांक्षी योजनायें संचालित की जा रही है।
वर्चुअल कार्यक्रम के शुभारम्भ के अवसर पर जनपद बागेश्वर में अध्यक्ष जिला पंचायत बसंती देव, विधायक बागेश्वर चन्दन राम दास, कपकोट बलवन्त सिंह भौर्यालय, नगरपालिका अध्यक्ष सुरेश खेतवाल, जिलाधिकारी विनीत कुमार एवं प्रभारी मुख्य विकास अधिकारी के.एन.तिवारी ने पात्र लाभार्थियों को मुख्यमंत्री योजना किट वितरित किया गया।
इस अवसर पर जिलाधिकारी विनीत कुमार ने कहा कि बाल विकास विभाग बागेश्वर द्वारा मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना के अन्तर्गत 01 अप्रैल 2021 से जन्मी बच्चियों को चयन किया गया है, जिसमें 411 बच्चियों को चिन्हित किया है। इस अवसर पर आज 10 लाभार्थियों को मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना किट वितरित किया गया है, तथा शेष लाभार्थियों को 01 सप्ताह के भीतर मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट उपलब्ध कराया जायेगा, जिसके लिए बाल विकास विभाग को प्राथमिकता से किट वितरण करने के निर्देश दिये गये है। उन्होंने कहा कि इस किट में पोषणयुक्त सामग्री उपलब्ध करायी जा रही है। इससे पूर्व बेटी बचाओं-बेटी पढ़ाओं योजना अन्तर्गत वैष्णवी किट उपलब्ध कराया जा रहा था इसको और भव्य बनाने के लिए महिलाओं एवं शिशुओं के बेहतर पोषण के लिए यह किट तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि इस योजना के तहत सभी पात्र व्यक्तियों को लाभान्वित किया जायेगा जिसके लिए बाल विकास विभाग को आवश्यक दिशा निर्देश दिये गये है कि जिस घर में बेटी पैदा होती है उन्हें तत्काल यह किट उपलब्ध कराया जाय। उन्होंने कहा कि जनपद बागेश्वर के लिए बड़ी गौरव की बात है कि जनपद में लिंग अनुपात में वृद्धि होती जा रही है जहॉ 03-04 साल पहले लिंग अनुपात 900 से भी कम था आज बेटी बचाओं-बेटी पढाओं योजना के सफल क्रियान्वयन से ही आज जनपद बागेश्वर का लिंग अनुपात 1000 से ऊपर चला गया है, जिसके लिए उन्होंने बाल विकास विभाग, जिला प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों का इस योजना में बेहतर सहयोग के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सभी के सहयोग का परिणाम है कि आज जनपद बागेश्वर लिंग अनुपात में सबसे ऊपर है। उन्होंने कहा कि इस किट में गर्भवती महिला हेतु बादाम, सुखी खुमानी, अखरोट, जुराब, स्कार्फ, तोलिये, ब्लेंकेटस, शाल, बीएड शीट, सेनेटरी नेपकिन, सरसों का तेल, नेल कटर, साबुन, कपड़े धोने का साबुन तथा कन्या शिशु हेतु शिशु के कपड़े, सूती लंगोट के कपड़े, बेबी तोलिये, साबुन, तेल, पावडर, रबर सीट, बेबी ब्लेंकेट, टीकाकरण कार्ड, स्तनपान, पोषाहार कार्ड आदि सामग्री किट में उपलब्ध है।
इस अवसर पर जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास राजेन्द्र सिंह बिष्ट, निर्मल सिंह बसेड़ा, पात्र लाभाथ्र्ाी तथा बाल विकास के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।