January 29, 2026

झुकेंगे नहीं, जवाबी कदम उठाएंगे’ डोनाल्ड ट्रंप के 50प्रतिशत और टैरिफ लगाने की धमकी पर चीन का बड़ा बयान


वाश्ंिागटन । अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 2 अप्रैल को चीन और भारत समेत दुनिया के 180 देशों पर पारस्परिक टैरिफ (शुल्क) लगाने की घोषणा की थी। इस कदम के बाद वैश्विक बाजारों में भारी उथल-पुथल देखने को मिल रही है।ट्रंप के इस फैसले से चीन नाराज़ हो गया है। जवाब में चीन ने भी अमेरिकी उत्पादों पर 34त्न तक का प्रतिशोधात्मक टैरिफ लगाने की घोषणा की। इससे ट्रंप और अधिक भडक़ गए और उन्होंने चीन पर 50त्न अतिरिक्त शुल्क लगाने की धमकी दी है। इस टैरिफ युद्ध ने दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच तनाव को बढ़ा दिया है और वैश्विक मंदी की आशंका को गहरा कर दिया है।
चीन का कड़ा रुख
चीन के वाणिज्य मंत्रालय ने स्पष्ट कर दिया है कि वह अमेरिकी टैरिफ के खिलाफ अंत तक लड़ाई लड़ेगा। मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, अमेरिका की तरफ से और शुल्क लगाने की धमकी एक गलती पर दूसरी गलती होगी। यह अमेरिका के ब्लैकमेलिंग रवैये को उजागर करता है, जिसे चीन कभी स्वीकार नहीं करेगा। अगर अमेरिका हमें अपने तरीके से चलने को मजबूर करेगा, तो चीन पूरी ताकत से उसका मुकाबला करेगा।
प्रवक्ता ने यह भी कहा कि अगर अमेरिका टैरिफ दरों को और बढ़ाता है, तो चीन भी अपने हितों की रक्षा में जवाबी कदम उठाएगा। हालांकि, चीन ने यह भी स्पष्ट किया कि वह बातचीत का पक्षधर है क्योंकि ट्रेड वॉर में कोई विजेता नहीं होता। चीनी विदेश मंत्रालय ने अमेरिका की आलोचना करते हुए कहा कि वह अंतरराष्ट्रीय नियमों की अनदेखी कर रहा है। प्रवक्ता लिन जियान ने कहा, चीन किसी भी कीमत पर अमेरिकी दबाव में नहीं झुकेगा।
क्या है पूरा मामला?
2 अप्रैल को ट्रंप ने चीन पर 34त्न टैरिफ लगाने की घोषणा की थी। इससे पहले भी अमेरिका 20त्न टैरिफ लगा चुका था। इस तरह अब तक अमेरिका चीनी उत्पादों पर कुल 54त्न शुल्क लगा चुका है। ट्रंप के एलान के महज 48 घंटों के भीतर चीन ने अमेरिकी सामानों पर जवाबी शुल्क लगाने का फैसला लिया। इसके बाद ट्रंप ने सोमवार को चेतावनी दी कि यदि चीन मंगलवार तक अपने जवाबी शुल्क नहीं हटाता है, तो इस सप्ताह वह चीन से होने वाले आयात पर 50त्न अतिरिक्त टैरिफ लगाएंगे। साथ ही उन्होंने चीन के साथ प्रस्तावित सभी बैठकों को रद्द करने की बात भी कही।

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