चौखुटिया के आंदोलनकारियों ने सरकार से मांगा श्वेत पत्र
ऋषिकेश । सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में मानक के अनुरूप सुविधाएं देने, चिकित्सकों की कमी को पूरा करने की मांग को लेकर चौखुटिया से निकली ‘ऑपरेशन स्वास्थ्य’ यात्रा रविवार को ऋषिकेश पहुंची। शीशमझाड़ी मायाकुंड स्थित अवदूतवाड़ा आश्रम में रुकने के बाद आंदोलनकारी डोईवाला से होते हुए भानियावाला के लिए रवाना हुए। पैदल कूच पर निकला दल मंगलवार को देहरादून पहुंचेगा। यात्रा में शामिल पूर्व विधायक पुष्पेश त्रिपाठी ने कहा कि बुनियादी सुविधाओं में सबसे महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सेवा है, लेकिन राज्य में इस सेवा की बदहाली से लोग परेशान हैं। उन्हें न तो समय पर इलाज मिल पा रहा है और न ही स्वास्थ्य से संबंधित अन्य सुविधाएं। कहा कि ‘ऑपरेशन स्वास्थ्य’ के तहत सरकार से राज्य के सभी ब्लॉक में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के मानकों को पूरा करने की मांग की जा रही है। अस्पतालों में सृजित पद और उनके सापेक्ष तैनाती पर भी श्वेत पत्र मांगा गया है। कहा कि अस्पतालों में फार्मासिस्टों की बेहद कमी है। चुतुर्थ श्रेणी में स्थिति बद से बदतर है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की हालात यह है कि उनमें सप्ताह में एक दिन सफाई की जाती है। उन्होंने राज्य के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत के हालिया बयान को हास्यापद बताते हुए कहा कि मंत्री का यह कहना कि प्रदेश में डॉक्टर इतने हैं कि वह मरीजों को ढूंढ रहे हैं, यह धरातल की हकीकत से परे है। बताया कि चार नवंबर को देहरादून में मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने के लिए चौखुटिया से यह ऑपरेशन स्वास्थ्य यात्रा निकाली गई है, जिसमें हर क्षेत्र के लोगों का समर्थन भी मिल रहा है। वहीं, यात्रा का ऋषिकेश और डोईवाला में स्थानीय लोगों ने फूलों से स्वागत भी किया। मालूम हो कि आंदोलनकारियों की यह यात्रा 235 किमी की है। चौखुटिया से रामपुर, पांडुवाखाल, गैरसैंण, सिमली, कर्णप्रयाग, गौचर, रूद्रप्रयाग, श्रीनगर, मलेथा, देवप्रयाग और नरेंद्रनगर होते हुए यात्रा रविवार को ऋषिकेश से डोईवाला के लिए रवाना हुई है। यात्रा में भुवन कठायत, डॉ. आनंद राम, सुंदर सिंह, महेंद्र सिंह बेड़िया, सवित्री किरोला, आशीष नेगी, शांति अठवाल, नंदिता भट्ट, चंद्रा कोहली, हेमंत सिंह भंडारी आदि शामिल रहे।
