June 14, 2026

14 सूत्रीय मांगों को लेकर भाकियू (नैन) ने राज्यपाल के नाम सौंपा ज्ञापन


हरिद्वार ।   भारतीय किसान यूनियन (नैन) के राष्ट्रीय चिंतन शिविर के समापन पर किसानों ने 14 सूत्रीय मांगों को लेकर राज्यपाल को ज्ञापन भेजा। इस मौके पर कृषि ऋण माफी और किसान आयोग गठन की मांग उठाई गई। अलकनंदा घाट पर आयोजित शिविर की अध्यक्षता संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी जोगेंद्र घासीराम नैन ने की। शिविर में देश के विभिन्न राज्यों से आए पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाने के लिए स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों के अनुरूप सी-2 लागत पर 50 प्रतिशत लाभ जोड़कर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की कानूनी गारंटी दी जानी चाहिए। इसके अलावा कृषि ऋण माफी, राष्ट्रीय किसान क्षतिपूर्ति निगम की स्थापना, किसान आयोग का गठन तथा हरिद्वार में किसान भवन निर्माण की मांग भी प्रमुख रूप से उठाई गई। उन्होंने कहा कि कृषि को उद्योग का दर्जा देकर उसके लिए पृथक बजट निर्धारित किया जाए। साथ ही फसल बीमा योजना को समाप्त कर प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान का उचित मुआवजा किसानों को उपलब्ध कराया जाए। ज्ञापन में अमेरिका के साथ प्रस्तावित फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (एफटीए) को निरस्त करने, बिजली क्षेत्र के निजीकरण पर रोक लगाने, ग्रामीण घरेलू उपभोक्ताओं को निःशुल्क बिजली उपलब्ध कराने तथा हाईटेंशन लाइन टावरों के मुआवजे में वृद्धि की मांग भी शामिल की गई। इसके अलावा भूमि अधिग्रहण के लिए दो-तिहाई किसानों की सहमति अनिवार्य करने, मनरेगा को कृषि कार्यों से जोड़ने, नकली खाद एवं बीज बेचने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने तथा कृषि सब्सिडी सीधे किसानों के खातों में भेजने की मांग भी उठाई गई। प्रदेश अध्यक्ष सुरेश राजपूत ने कहा कि देश का किसान आज भी अपनी उपज का उचित मूल्य, प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षा तथा आर्थिक स्थिरता के लिए संघर्ष कर रहा है। मौके पर प्रदेश अध्यक्ष सुरेश राजपूत, हरिद्वार जिला उपाध्यक्ष कुलदीप शर्मा, ब्लॉक अध्यक्ष प्रदीप गिरी, राकेश चौहान, वाजिद, गुणी यादव, रेशभ, श्याम सिंह, पवन, देहरादून जिलाध्यक्ष पुरुषोत्तम गैरोला, उत्तराखंड प्रभारी सुरेश चिल्लर, प्रदेश प्रवक्ता रूपेश कुमार, बंगाल एवं दिल्ली अध्यक्ष कालूराम जयपुरिया, झारखंड अध्यक्ष उर्मिला शर्मा सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।