July 1, 2026

बकरी के ऋण के विवाद में हुई थी राजेंद्र की हत्या, पुलिस ने किया खुलासा


चमोली । बीते 18 मई को लापता हुए देवपुरी निवासी राजेंद्र सिंह की मौत के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया। मामले में सामने आया कि बकरी लेने के लिए राजेंद्र ने ऋण लिया था लेकिन भुगतान आरोपी देवेंद्र के खाते में हुआ था जिससे विवाद हो गया था। करीब 45 दिनों तक चली जांच में पुलिस ने एसआईटी का गठन सहित तमाम वैज्ञानिक जांच कर एक हत्यारोपी को गिरफ्तार किया। उसे न्यायालय में पेश कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।देवपुरी के राजेंद्र के लापता होने पर परिजनों ने गुमशुदगी की रिपोर्ट पुलिस में की थी। 23 मई को राजेंद्र का शव संदिग्ध हालात में गांव के समीप गदेरे में मिलने पर यह मामला हत्या में परिवर्तित हो गया। पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार के निर्देशन और सीओ त्रिवेंद्र सिंह राणा के पर्यवेक्षण में डॉग स्क्वायड, फाॅरेंसिक जांच सहित कई वैज्ञानिक प्रक्रिया अपनाई गई लेकिन पुलिस को सफलता नहीं मिली। इस पर पुलिस ने एसआईटी गठित की। पुलिस के अनुसार एसआईटी व गैरसैंण पुलिस की सटीक जांच से ब्लाइंड मर्डर का खुलासा किया गया और आरोपी देवेंद्र सिंह निवासी चौड़ाधार, देवपुरी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया। जांच में सामने आया कि हत्या बकरी के ऋण से उपजे विवाद से है। राजेंद्र ने बकरी के लिए ऋण लिया था जिसका भुगतान आरोपी देवेंद्र सिंह के खाते में हुआ। देवेंद्र ने यह धनराशि निकाली भी। यही नहीं आरोपी देवेंद्र ने 17 मई और 18 मई को राजेंद्र से फोन पर बात भी की। ऐसे कई अन्य मामले भी पुलिस की जांच में मिले हैं।
ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया स्थगित
गैरसैंण। राजेंद्र की मौत का खुलासा होने पर देवपुरी सहित खनसर क्षेत्र के ग्रामीणों ने बुधवार को प्रस्तावित प्रदर्शन स्थगित कर दिया। बुधवार सुबह खनसर क्षेत्र के तमाम जनप्रतिनिधि कोतवाली पहुंचे। मामले का खुलासा होने पर कोतवाली घेराव और प्रदर्शन को स्थगित कर दिया गया। इस मौके पर देवपुरी के प्रधान किरन नेगी, क्षेपंस महिपाल सिंह, जिला पंचायत सदस्य अनीता रावत, पूर्व ब्लाॅक प्रमुख सुमति बिष्ट, हुकुम सिंह, दिनेश सिंह, संजय रावत, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि महावीर रावत आदि मौजूद रहे।