बाजपुर में आमरण अनशन पर बैठे पालिका कर्मी सीताराम
काशीपुर । नगर पालिका परिषद में 35 वर्षों से अधिक समय से सेवाएं दे रहे दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों के नियमितीकरण की मांग को लेकर आंदोलन तेज हो गया है।पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत शुक्रवार से संयुक्त मोर्चा उत्तराखंड निकाय कर्मचारी महासंघ एवं देवभूमि उत्तराखंड सफाई कर्मचारी संघ के बैनर तले शाखाध्यक्ष सीताराम तिवारी ने पालिका परिसर में अनिश्चितकालीन आमरण अनशन शुरू कर दिया। शुक्रवार को पालिका के सभी दैनिक कर्मियों ने पूर्ण कामबंद और कलमबंद हड़ताल शुरू कर दी। आक्रोशित कर्मचारियों ने अपनी मांगों के समर्थन में नगर में रोष मार्च निकालकर शासन-प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। भगत सिंह चौक पर प्रदर्शन के बाद सभी कर्मचारी जुलूस की शक्ल में नगर पालिका पहुंचे, जहां आमरण अनशन शुरू किया गया।
आमरण अनशन पर बैठे शाखाध्यक्ष सीताराम तिवारी ने कहा कि वह वर्ष 1989-90 से लगातार पालिका की रीढ़ बनकर कार्य कर रहे हैं। इस दौरान प्रदेश में कई सरकारें और मुख्यमंत्री बदले, लेकिन नियमितीकरण की मांग केवल आश्वासनों तक ही सीमित रही। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों ने 27 जून से नौ जुलाई तक शांतिपूर्ण क्रमिक अनशन किया, लेकिन शासन-प्रशासन ने कोई ठोस पहल नहीं की। इसके बाद मजबूर होकर आमरण अनशन और पूर्ण हड़ताल का निर्णय लिया गया।
आंदोलन की गंभीरता को देखते हुए नगर पालिका अध्यक्ष गुरजीत सिंह पूनिया अनशन स्थल पहुंचे। उन्होंने कर्मचारियों से हड़ताल समाप्त कर काम पर लौटने का अनुरोध करते हुए कहा कि वे उनकी मांगों का समर्थन करते हैं और नियमितीकरण के लिए पत्राचार भी कर चुके हैं। हालांकि आंदोलनकारियों ने स्पष्ट कहा कि जब तक नियमितीकरण सहित उनकी प्रमुख मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक हड़ताल और आमरण अनशन जारी रहेगा। यहां सुरेश कुमार लाला, अनिल वाल्मीकि, मुकेश कुमार, सुरेश मिल्ले, मनोज, सुभाष, विनोद, उमेश, राकेश, संजय, बनवारी लाल, फूल सिंह, अनिल, सतीश, विशेष, राजीव, संजय आदि मौजूद रहे।
