नशे के खिलाफ अभियान में तेजी लाएं अधिकारी, नाबालिगों को शराब बिक्री पर हो प्रभावी रोक: डीएम
एनकॉर्ड समिति की बैठक में जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे ने की कार्रवाई की प्रगति की समीक्षा, कांडा क्षेत्र में नियमित निरीक्षण के निर्देश
बागेश्वर। जनपद में नशे के बढ़ते दुष्प्रभावों पर प्रभावी अंकुश लगाने और नशे के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे की अध्यक्षता में सोमवार को जिला स्तरीय नारकोटिक्स कोऑर्डिनेशन (एनकॉर्ड) समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में नशे के खिलाफ विभिन्न विभागों द्वारा की जा रही कार्रवाई, निरीक्षण अभियान तथा नशा मुक्ति केंद्रों से संबंधित व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि नशे के विरुद्ध अभियान को केवल औपचारिकता तक सीमित न रखते हुए निरंतर और प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि नशे की अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और शासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जाए।
इस माह सात स्थानों पर हुआ निरीक्षण
बैठक में औषधि निरीक्षक पूजा रानी ने जिलाधिकारी को अवगत कराया कि जनपद के विभिन्न क्षेत्रों के साथ ही सीएचसी कपकोट में इस माह कुल सात निरीक्षण किए गए हैं। निरीक्षण के दौरान संबंधित व्यवस्थाओं एवं गतिविधियों की जांच की गई।
इस पर जिलाधिकारी ने कांडा क्षेत्र में भी नियमित रूप से निरीक्षण अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नशे से संबंधित गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी के लिए संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित निरीक्षण बेहद जरूरी है। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि निरीक्षण प्रक्रिया को नियमित बनाए रखते हुए किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर नियमानुसार तत्काल कार्रवाई की जाए।
नशा मुक्ति केंद्रों की व्यवस्थाओं पर भी रहेगी नजर
जिलाधिकारी ने समाज कल्याण विभाग को जनपद में संचालित नशा मुक्ति केंद्रों के संचालन और वहां उपलब्ध व्यवस्थाओं के संबंध में आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने केंद्रों की व्यवस्थाओं पर प्रभावी निगरानी रखने तथा संबंधित नियमों और मानकों का पालन सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि नशे की गिरफ्त में आए लोगों को उपचार, परामर्श और पुनर्वास की बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना भी अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसके लिए संबंधित विभागों को जिम्मेदारी के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए।
नाबालिगों को शराब बिक्री पर सख्ती के निर्देश
जिलाधिकारी ने नाबालिगों को शराब की बिक्री पर प्रभावी रोक सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से कहा कि शराब की दुकानों और अन्य संबंधित प्रतिष्ठानों का नियमित निरीक्षण किया जाए तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
उन्होंने शराब की दुकानों एवं अन्य संबंधित प्रतिष्ठानों में लगे सीसीटीवी कैमरों की नियमित निगरानी और समय-समय पर निरीक्षण करने के निर्देश भी दिए, ताकि किसी भी प्रकार की अनियमित गतिविधि पर नजर रखी जा सके।
विभागों में बेहतर समन्वय पर जोर
डीएम अपूर्वा पाण्डे ने कहा कि नशे के विरुद्ध अभियान को सफल बनाने के लिए पुलिस, प्रशासन, स्वास्थ्य, समाज कल्याण, औषधि नियंत्रण सहित सभी संबंधित विभागों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अपने-अपने स्तर पर प्रभावी कार्रवाई करने के साथ ही एक-दूसरे के साथ सूचनाओं का आदान-प्रदान भी सुनिश्चित करें।
उन्होंने स्पष्ट किया कि नशे के कारोबार और इसके प्रसार पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए कार्रवाई में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही युवाओं और नाबालिगों को नशे से दूर रखने के लिए जागरूकता गतिविधियों को भी निरंतर बढ़ावा देने पर जोर दिया गया।
बैठक में अपर जिलाधिकारी एन.एस. नबियाल, पुलिस उपाधीक्षक अजय शाह, उपजिलाधिकारी प्रियंका रानी, जिला युवा कल्याण अधिकारी पी.सी. जोशी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
