आफत बनकर बरसी बारिश.. शहर की व्यवस्थाओं की खोल दी पोल
हरिद्वार । धर्मनगरी में शुक्रवार को हुई मूसलाधार बारिश ने शहर की व्यवस्थाओं की पोल खोल दी। हरिद्वार से ज्वालापुर और कनखल तक कई इलाकों में सड़कों पर जलभराव हो गया। भगत सिंह चौक पर करीब तीन फुट पानी भरने से पांच कार और चार बाइक पानी में फंस गईं। वाहन चालकों को अपने वाहनों को धक्का देकर निकालना पड़ा। वहीं ज्वालापुर में पेड़ गिरने से दो दुकान और दो वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। भीमगोड़ा और सब्जी मंडी बाजार क्षेत्र में पहाड़ों से बहकर आई सिल्ट ने सड़कों को कीचड़ में तब्दील कर दिया। बारिश के कारण कई बाजार देर से खुले जबकि ग्राहक कम होने से दुकानदारों ने समय से पहले दुकानें बंद कर दीं। शुक्रवार को सुबह से शाम तक रुक-रुककर बारिश होती रही। हरिद्वार ज्वालापुर और कनखल क्षेत्र के कई हिस्सों में जलभराव होने से लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। सुबह काम पर जाने वाले कामगारों को पानी से होकर गुजरना पड़ा। भगत सिंह चौक पर पानी की निकासी नहीं होने से वाहनों की लंबी कतार लग गई। नगर निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर पंप की मदद से पानी की निकासी कराई। भगत सिंह चौक से टिबड़ी अंडरपास और पुराने रानीपुर मोड़ तक वाहन चालकों को जाम से जूझना पड़ा। उत्तरी हरिद्वार के सप्तसरोवर मार्ग और खड़खड़ी क्षेत्र में भी जलभराव से लोग परेशान रहे। भीमगोड़ा और सब्जी मंडी बाजार में बारिश के पानी के साथ पहाड़ों से आई सिल्ट जमा हो गई। सड़क पर मिट्टी और पानी से कीचड़ बनने के कारण लोगों को पैदल चलने में भी दिक्कत हुई। कनखल के लाटोवाली रविदास बस्ती ज्वालापुर रोड और कोतवाली रोड पर भी जलभराव रहा। ज्वालापुर के कटहरा बाजार चौक बाजार पीठ बाजार सर्राफा बाजार पुरानी सब्जी मंडी पुरानी अनाज मंडी पांवधोई ब्रह्मपुरी और सुभाष नगर में भी पानी भर गया। बाजारों में जलभराव के साथ दुकानों के सामने कूड़ा और कीचड़ जमा हो गया। पानी निकलने के बाद व्यापारियों को दुकानों के सामने खुद सफाई करनी पड़ी। जलभराव के कारण बाजार देर से खुले और ग्राहकों की संख्या कम रही। इससे कई दुकानदारों ने शाम से पहले ही दुकानें बंद कर दीं।
बारिश से सात डिग्री गिरा तापमान: आईआईटी कृषि मौसम वेधशाला के अनुसार शुक्रवार को धर्मनगरी में अधिकतम तापमान 26 डिग्री और न्यूनतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। गुरुवार को अधिकतम तापमान 33.5 डिग्री और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस था। इस तरह अधिकतम तापमान में 7.5 डिग्री और न्यूनतम तापमान में दो डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई।
हाईवे और सर्विस लेन भी जलमग्न: तेज बारिश के कारण हरिद्वार-देहरादून हाईवे पर भी कई स्थानों पर जलभराव हो गया। पानी जमा होने से वाहन चालकों को परेशानी उठानी पड़ी। अलकनंदा होटल के पास सर्विस लेन पर भी बारिश का पानी भर गया। इससे राहगीरों और वाहन चालकों को आवाजाही में दिक्कत हुई।
ज्वालापुर रेलवे अंडरपास में भरा पानी, तीन किलोमीटर घूमकर गए लोग: ज्वालापुर रेलवे अंडरपास में शुक्रवार को बारिश के बाद जलभराव हो गया। रेलवे पुलिया के नीचे पानी जमा होने के साथ ऊपर से लगातार गंदा पानी टपकता रहा। राहगीरों को पानी और गंदगी के बीच से होकर गुजरना पड़ा। जलभराव के कारण दोपहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक परेशानी हुई। अंडरपास में पानी भरने से वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई और जाम की स्थिति बन गई। कई लोगों को आर्यनगर चौक तक पहुंचने के लिए करीब तीन किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ा। स्थानीय लोगों का कहना है कि अंडरपास में जलभराव की समस्या लंबे समय से बनी हुई है लेकिन इसका स्थायी समाधान नहीं किया जा रहा है।
