March 11, 2026

पूर्व सीएम हरीश रावत ने अनुसूचित जाति के युवक की हत्या के प्रायश्चित स्वरूप मौन उपवास रखा

देहरादून,  ( आखरीआंख )  टिहरी जिले के बसाण गांव निवासी अनुसूचित जाति के युवक के साथ विवाह समारोह के दौरान मारपीट के बाद उसकी मृत्यु से पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव हरीश रावत व्यथित हैं। वह सोमवार को देहरादून के गांधी पार्क में बापू की प्रतिमा के नीचे प्रायश्चित स्वरूप एक घंटे तक मौन उपवास पर बैठे। उन्होंने मुख्यमंत्री से आग्रह करते हुए कहा कि यह एक सामाजिक अपराध का मामला है। लिहाजा, लोस चुनाव की आचार संहिता लागू होते हुए भी सरकार को पीड़ित परिवार की मदद करनी चाहिए।
उन्हांेने कहा कि इस प्रकरण में कानून अपना काम करेगा, मगर वर्तमान में पहली जरूरत पीड़ित परिवार को मदद मुहैया कराने की है। वजह ये कि परिवार के कमाऊ पूत की मौत के बाद गुजर-बसर का कोई सहारा नहीं है। बसाण गांव निवासी मृतक के परिजनों को सांत्वना देने के बाद देहरादून लौटे पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि पीड़ित परिवार की स्थिति बेहद दयनीय है। राज्य सरकार को चाहिए कि वह पीड़ित परिवार को फौरन आर्थिक मदद मुहैया कराए। बीती 26 अप्रैल को एक शादी समारोह में अनुसूचित जाति के युवक जितेंद्र के साथ कुछ लोगों ने मारपीट कर दी थी। कुछ दिन बाद उसकी देहरादून के अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। इस मामले में सात लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। मगर वर्तमान में पहली जरूरत पीड़ित परिवार को मदद मुहैया कराने की है। वजह ये कि परिवार के कमाऊ पूत की मौत के बाद गुजर-बसर का कोई सहारा नहीं है। हालांकि, लोगों के साथ ही तमाम संगठन मदद को आगे आए हैं। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी 50 हजार की राशि दी है। राज्य सरकार को चाहिए कि वह पीड़ित परिवार को फौरन आर्थिक मदद मुहैया कराए। इस मौके पर उनके साथ राज्यसभा सांसद प्रदीप टम्टा, विधायक मनोज रावत, सुरेंद्र कुमार, ओमप्रकाश सती बब्बन, प्रभुलाल बहुगुणा, सुशील राठी,संजय भट्ट, जसबीर सिंह रॉवत, श्याम सिंह चैहान, कमलेश रमन, शांति रॉवत, आशा मनोरमा शर्मा डोबरियाल आदि भी रहे। मौनव्रत का समापन बापू के प्रिय भजन रघुपति राघव राजाराम के साथ किया गया।

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