व्यसनी बनने से नष्ट हो रही रचनात्मक और क्रियात्मक शक्ति
देहरादून, ( आखरीआंख ) आदत तो किसी भी चीज की बुरी होती है और अगर कोई मनुष्य व्यसनों के आदी हो जाये तो उसका सत्यानाश हो जाता है। हमारा भारत देश सारे विश्व का मार्गदर्शन करता था परन्तु आज हमारे देश में व्यसनों का मक्कड़जाल फैलता जा रहा है। सारे विश्व में युवाओं की संख्या सबसे ज्यादा हमारे देश में है परन्तु हमारे युवा व्यसनी बनते जा रहे हैं, जिससे उनकी रचनात्मक, क्रियात्मक शक्ति नष्ट हो रही है।
तम्बाकू, शराब, गुटक और न जाने कितनी प्रकार नशीली चीजें हैं जिनके सेवन से व्यक्ति की शारारिक, मानसिक, सामाजिक तथा आर्थिक शक्ति नष्ट हो जाती है। अनेक प्रकार से यह लाइलाज रोगों से भी अधिक खतरनाक है। बीमारियों से एक व्यक्ति मर सकता है परन्तु मादक द्रव्यों के सेवन करने से व्यक्ति स्वयं तो मरता है साथ-साथ मित्र व संबंधियों के लिये दुख का कारण बनता है। यह विचार कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के व्यसन मुक्ति अभियान के उद्घाटन पर व्यक्त किये। मंत्री ने ईश्वरीय विश्वविद्यालय द्वारा तैयार किये गये अभियान को शिव ध्वज दिखाकर रवाना किया। इस अभियान के संचालन के लिए राजयोगिनी ब्रह्मकुमारी मन्जू बहन ने शुभकामनाए दीं। उन्होंने कहा कि लोगों में एक गलत धारणा यह भी है कि केवल असामाजिक तत्व ही मादक द्रव्यों का सेवन करते हंै। अधिकांश माता-पिता भी इस मामले में अधिक आश्वस्त होते हैं कि उनके बच्चे कभी भी मादक द्रव्यों का सेवन नहीं कर सकते किन्तु यह एक अत्यंत संवेदनशील तथा उलझा हुआ मामला है कि अच्छे चरित्र गठन करने वाले बालक भी मादक द्रव्यों के दुश्चक्र में फँस जाते हैं। युवाओं में इसकी लत पड़ने के मुख्य कारण है मानसिक तनाव, अशान्त घर, सम वयस्क द्वारा एक बार चखने का दबाव, परिपक्वता दिखाने कि ललक, मादक द्रव्यों कि आसानी से उपलब्धता। इन सभी कारणों से बचने का उपाय है आध्यात्मिक ज्ञान, इस ज्ञान से मनुष्य को समझ मिलती है और मादक द्रव्यों के प्रति उनका द्रष्टिकोण परिवर्तित होता है। इस स्वपरिर्वतन से कोई भी व्यसन मुक्त हो सकता है। राजयोगिनी ब्रह्मकुमारी मन्जू बहन ने बताया कि हर बर्ष 31 मई के दिन को विश्व तम्बाकू निषेध दिवस के रूप में मनाया जाता है। इसी को ध्यान में रखते हुये प्रजापिता ब्रह्माकुमारी विश्व विद्यालय ने 31 मई को समस्त भारत में फैले अपने मुख्य सेवाकेन्द्रों से एक साथ व्यसन मुक्ति अभियान निकालने का कार्यक्रम बनाया है। इस अवसर पर राजकुमार जोशी, रमेश कपूर, विजय रस्तोगी, गौरव कपूर, निधि अग्रवाल, प्रदीप सोनकर, गोपाल विजन, आरती, मीना, सोनिया, विमला, शालू, रमा आदि उपस्थित रहे।
