वेतन और सेवा निरंतरता की मांग को स्वजल कर्मचारियों का प्रदर्शन
बागेश्वर। वेतन और सेवा निरंतरता की मांग को लेकर स्वजल कर्मचारियों ने प्रदेश सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने सात महीने से वेतन नहीं मिलने पर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। इस साल सेवा निरंतरता नहीं दिए जाने पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने प्रदेश सरकार से जल्द रूके हुए वेतन का भुगतान करने को कहा। मांग पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन करने की चेतावनी दी। स्वजल कर्मचारियों को इस साल मार्च माह से वेतन नहीं मिला है। जिसके कारण उन्हें आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। मालूम हो कि जिले के स्वजल कार्यालय में वर्तमान में नौ कर्मचारी कार्यरत हैं। सभी कर्मचारियों को मार्च महीने से अब तक का वेतन नहीं मिला है। उन्हें हर साल सेवा निरंतरता दी जाती थी। इस साल अब तक उनकी निरंतरता नहीं हुई है। इसके अलावा उनसे जल जीवन मिशन का काम लेकर जल निगम और जल संस्थान को सौंप दिया गया। बताया कि जल जीवन मिशन योजना को अमलीजामा पहनाने में स्वजल ने अहम रोल निभाया। एनजीओ के चयन से लेकर डीपीआर बनवाने तक का काम किया। इसके बाद अचानक शासन ने योजना के काम से स्वजल को हटा दिया। बताया कि कर्मचारियों को सामने आर्थिक संकट का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के सामने असमंजस की स्थिति पैदा हो गई है। एक ओर उन्हें वेतन नहीं दिया जा रहा, वहीं उनसे काम भी छीनकर दूसरे विभागों को दिए जा रहे हैं। उन्होंने समस्या का जल्द निदान नहीं होने पर आंदोलन की भी चेतावनी दी। इस मौके पर ध्यान चंद्र लोहनी, चंदन सिंह मलड़ा, पूरन सिंह टंगडिय़ा, गिरिजा शंकर भट्ट, संजय सिंह, नरेंद्र सिंह, कौस्तुबानंद पांडेय आदि मौजूद रहे।
