बढ़ती आबादी के खिलाफ आंदोलनरत तलवार दंपति दून पहुँचा – देश की बढ़ती आबादी के खिलाफ 28 सालों से जारी है तलवार दंपति का अभियान
देहरादून। पिछले 28 सालों से देश की बढ़ती आबादी के खिलाफ आंदोलन कर रहे मेरठ के तलवार दपत्ति सोमवार को दून पहुंचे। अभी तक दो सौ से अधिक शहरों में उल्टी पदयात्रा कर चुके दिनेश व दिशा तलवार छोटे परिवार की मुहिम को लेकर रोजाना प्रधानमंत्री को एक पत्र भेज रहे हैं। अभी तक वह पचास हजार से अधिक पोस्टकार्ड प्रधानमंत्री व विभिन्न रायों की सरकारों को भेज चुके हैं। गांधी पार्क में उल्टी पदयात्रा कर पहुंचे तलवार दपत्ति ने बताया कि उल्टी पदयात्रा का उनका मकसद है कि सरकार जनसंया नियंत्रण पर सही दिशा में सही नीति के साथ काम करे। वह करीब छह हजार ज्ञापन पीएम कार्यालय को भेज चुके हैं। 1992 से उन्होंने पदयात्रा शुरू की थी। वह जिस भी शहर में जाते हैं वहां के लोगों को इस पदयात्रा से जागरुक करने का काम करते हैं। खाली पोस्टकार्ड जनता को दिए जाते हैं जिसमें लोग उनके समर्थन में पत्रों को भरकर देते हैं। सड़क पर चलते हुए, बसों में चढ़कर वह यह संदेश अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने का काम कर रहे हैं। पेशे से इंश्योरेंस एजेंट दिनेश, दिशा तलवार ने कहा कि बढ़ती जनसंया देश की बर्बादी का सूचक है। यह उसी तरह है जैसे जैसे आपके शरीर का वजन बढ़ता जाता है और आप विभिन्न रोगों की चपेट में आते जाते हैं। हालांकि तलवार दपत्ति इस बात से बेहद निराश भी हैं कि उनकी मुहिम पर किसी भी राजनैतिक दल ने गंभीरता नहीं दिखाई। अन्य कई मुद्दों पर अरबों अरब का बजट है लेकिन इस इस विषय पर किसी का ध्यान नहीं है। इस मुहिम को लेकर उन्हें कई बार मुसीबत उठानी पड़ी। कई लोगों ने उनकी पिटाई व अभद्रता तक की। वह सौ बार जंतर मंतर पर उपवास में बैठ चुके हैं, 365 दिन तक मेरठ कलेक्ट्रेट में रोजाना जाकर रामधुन गाई। अभियान में उनकी बिटिया सिमरन, बेटा यश भी हमेशा साथ रहते हैं। पीएम मोदी से उन्हें भी उमीद है कि वह जनसंया नियंत्रण पर प्रभावी कानून बनाएंगे। कहते हैं जिस देश में एक मिनट में 42 बचे और रोजाना 61 हजार बचों का जन्म होता हो उस देश का भविष्य क्या होगा इस पर सरकारों को मंथन करना ही होगा। जिस दिन से मोदी ने पीएम पद की शपथ ली, उसी दिन से तलवार दपत्ति रोजाना एक पोस्टकार्ड उन्हें भेज रहे हैं। ये दपत्ति आने वाले समय में 365 शहरों की पदयात्रा करेगा और मुहिम को जारी रखेगा।
