गरुड़ तहसील में विरोध प्रदर्शन, गोमती में खनन बंद करने की मांग को ग्रामीण एकजुट
बागेश्वर गरुड़ । गोमती नदी में कज्यूली के पास हो रहे खनन से ग्रामीण परेशान हैं। नाराज ग्रामीणों ने खनन के विरोध में प्रदर्शन किया। खनन कार्य में लगे डंपरों को भी रोका। ग्रामीणों का कहना है कि खनन से उनका पीने का पानी दूषित हो गया है। दिन-रात डंपर चलने से उनकी रात की नींद भी उड़ गई है। उन्होंने खनन कार्य बंद करने की मांग की है। चेताया कि जल्द मांग नहीं मानी गई तो हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे। तैलीहाट, माल्दे, ग्वाड़ पजेना, अणां, बिमौला के ग्रामीण मंगलवार को तहसील मुख्यालय पहुंचे। यहां प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। यहां हुई सभा में वक्ताओं ने कहा कि कज्यूली में खनन कार्य जारी है, जिसके चलते खनन सामग्री को ले जाने के लिए 100 से अधिक डंपर नदी में चल रहे हैं। मशीनों से खन्नन होने व डंपरो के चलने से नदी का पानी गंदा हो गया है। पानी लोगों के पीने लायक नहीं रह गया है। जानवर भी इसे नहीं पी रहे हैं। डंपर चालकों का सत्यापन तक नहीं हुआ है। उनके लिए रहने और शौचालय की व्यवस्था भी नहीं है। पूरी नदी प्रदूषित हो गई है। बैजनाथ मंदिर में दूषित पानी चढ़ाने को लोग मजबूर हैं। नाराज लोगों ने खनन कार्य रोकने की मांग की है। इस मौके पर ग्राम प्रधानों में पुष्पा देवी, गोविंद राम,भावना देवी के अलावा कैलाश, दीपा कजोशी, विपिन कुमार, नंदन सिंह, नवीन चंद्र सिंह, भूपाल सिंह, नारायाण सिंह, विपिन ओली आदि मौजूद रहे।
