March 19, 2026

श्रमिकों के डेरे पर एक बार फिर गुलदार ने किया हमला, नौ वर्षीय बच्चे को किया घायल


उत्तरकाशी ।  राष्ट्रीय राजमार्ग पर सतपुली गुमखाल के बीच सड़क चौड़ीकरण कार्य में जुटे नेपाली श्रमिकों के डेरे पर एक बार फिर गुलदार ने हमला कर नौ साल के बच्चे पर हमला कर घायल कर दिया। शोर शराबा होने पर गुलदार जंगल की ओर भाग गया। गुलदार के हमले से बच्चे के हाथ में घाव हुआ है। बीते शुक्रवार को भी गुलदार ने सतपुली मल्ली के पास मासूम को निवाला बना लिया था। क्षेत्र में एक के बाद एक हो रही घटनाओं से दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जल्द गुलदार के आतंक से निजात दिलाने की मांग उठाई है।
बीते रविवार की देर रात को गुलदार ने एक बार फिर श्रमिकों के डेरे पर हमला किया। गुलदार ने डेरे के भीतर सो रहे नौ साल के बच्चे को खींचने का प्रयास किया। बच्चे का शोर सुनकर उसके माता-पिता सहित अन्य टेंटों में रह रहे लोग जाग गए और टेंटों से बाहर निकल आए। टेंट के भीतर पिता ने बच्चे को पकड़े रखा, जिस कारण गुलदार बच्चे को नहीं खींच पाया। शोर शराबा होने पर गुलदार बच्चे को छोड़कर जंगल की तरफ भाग गया। घायल बच्चे को उपचार के लिए सतपुली हॉस्पिटल ले जाया गया। इससे पूर्व बीते शुक्रवार को भी सतपुली मल्ली के पास वन विभाग के विश्राम गृह से करीब आधा किलोमीटर पहले गुलदार नेपाली श्रमिकों के डेरे से तीन साल के विवेक ठाकुर पुत्र रमेश को उठा ले गया था। अगले दिन विवेक का अधखाया शव डेरे से करीब दो सौ मीटर दूर बरामद हुआ। इस घटना के बाद नेपाली श्रमिकों ने करीब दो किलोमीटर आगे गुमखाल की तरफ डेरा शिफ्ट कर दिया, लेकिन यहां भी गुलदार ने हमला कर बच्चे को घायल कर दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि गुलदार सतपुली बाजार, रेतपुर, दंगलेश्वर महादेव के आसपास घूमता हुआ नजर आ रहा है। हालांकि गुलदार को कैद करने के लिए वन विभाग ने घटनास्थल के साथ ही आसपास के क्षेत्र में पिंजरे और चार ट्रैप कैमरे भी लगाए हुए हैं, लेकिन आबादी के आसपास बढ़ रही गुलदार की धमक ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। इधर, डीएफओ अशोक गंगवार ने बताया कि क्षेत्र में पिंजरे लगाए गए है। क्षेत्र में लगातार टीम गश्त कर रही है। बताया कि एनएच के अफसरों को भी मजदूरों को सुरक्षित स्थान में रखने के लिए पत्र लिखा गया है।