“ऑपरेशन प्रहार” की गूंज: 16 घंटे में चोरी की स्कूटी बरामद, दो अभियुक्त सलाखों के पीछे
बागेश्वर। उत्तराखण्ड में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के उद्देश्य से चलाए जा रहे “ऑपरेशन प्रहार” के अंतर्गत बागेश्वर पुलिस ने अपनी सतर्कता और त्वरित कार्रवाई का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत किया है। पुलिस अधीक्षक श्री जितेन्द्र मेहरा (IPS) के कुशल निर्देशन में कोतवाली बागेश्वर पुलिस ने चोरी की एक घटना का महज 16 घंटे के भीतर सफल अनावरण करते हुए न केवल चोरी गई स्कूटी को बरामद कर लिया, बल्कि इस अपराध में संलिप्त दो अभियुक्तों को भी गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत कर दिया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दिनांक 18 अप्रैल 2026 को वादी द्वारा अपनी स्कूटी चोरी होने की शिकायत कोतवाली बागेश्वर में दर्ज कराई गई थी। तहरीर के आधार पर तत्काल मुकदमा पंजीकृत कर पुलिस ने मामले की गंभीरता को समझते हुए त्वरित जांच प्रारंभ की। आधुनिक तकनीक और स्थानीय सूचनाओं के समन्वय से पुलिस ने बेहद कम समय में सुराग जुटाते हुए दोनों आरोपियों—अशोक कुमार (33 वर्ष) निवासी भतोड़ा, थाना कांडा तथा मनोज कुमार (41 वर्ष) निवासी भतरोला ठाकुरद्वारा, बागेश्वर—को चोरी की स्कूटी के साथ धर दबोचा।
इस सफलता के पीछे पुलिस टीम की सक्रियता और समर्पण स्पष्ट रूप से परिलक्षित होता है। टीम में उपनिरीक्षक दिनेश जोशी, हेड कांस्टेबल सुरेश आर्या, हेड कांस्टेबल पूरन मठपाल, कांस्टेबल राजेंद्र सिंह एवं कांस्टेबल नीरज वाणी की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
बागेश्वर पुलिस की यह कार्यवाही न केवल अपराधियों के लिए एक सख्त संदेश है, बल्कि आमजन में सुरक्षा और विश्वास की भावना को भी सुदृढ़ करती है। “ऑपरेशन प्रहार” के तहत इस तरह की त्वरित सफलताएं निश्चित रूप से कानून के राज को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होंगी।
