May 28, 2026

बागेश्वर में परमिट अवधि घटने से पड़ेगा जिले की 2637 गाडिय़ों पर प्रभाव

 

बागेश्वर। व्यवसायिक वाहनों की परमिट की अवधि घटाकर 10 साल करने के निर्णय का टैक्सी चालक व मालिक विरोध कर रहे हैं। उन्हें डर है कि यह निर्णय लागू हुआ तो कई लोग बेरोजगार हो जाएंगे। उनका यह डर जायज भी है। अगर वर्तमा में जिले में इस निर्णय को लागू किया गया तो 2637 व्यवसायिक वाहनों का परमिट रद हो जाएगा। जिससे इन पर निर्भर लोगों की रोजी-रोटी भी प्रभावित हो जाएगी। वर्तमान समय में बढ़ता प्रदूषण पूरे देश की समस्या बन गया है। राय भी इससे अछूता नहीं रहा। जिसे देखते हुए राय में भी प्रदूषण को कम करने के उपाय किए जाने लगे हैं। संभागीय परिवहन प्राधिकरण ने गाडिय़ों से होने वाले प्रदूषण को रोकने के लिए परमिट की अवधि को 15 साल से घटाकर 10 साल करने की रिपोर्ट दी। जिसके आधार पर सरकार ने देहरादून और हरिद्वार जिले में इसको लागू कर दिया। धीरे-धीरे यह निर्णय अन्य जिलों में भी अमल में लाया जाएगा। जिसे देखते हुए जिले के व्यवसायिक वाहन चालक व मालिक अपनी रोजी-रोटी छिनने से डरे हुए हैं। पिंडारी टैक्सी यूनियन के अध्यक्ष दयाल सिंह बड़ती, भराड़ी यूनियन के अध्यक्ष केवलानंद जोशी और गरुड़ टैक्सी यूनियन के अध्यक्ष महेश बोरा ने कहा कि पहाड़ में बेराजगारी चरम पर है। ऐसे में युवा बैंक से लोन लेकर टैक्सी खरीद लेते है। वाहनों की संया लगातार बढ़ते रहने से उन्हें कड़ी प्रतिस्पद्र्धा के बीच काम करना पड़ता है। जिससे आठ से दस साल में वह मुश्किल से लोन पूरा कर पाते हैं। जब तक वह गाड़ी को बैंक के ऋण से मुक्त कर पाएंगे, सरकार उनका परमिट रद कर देगी। ऐसे में उनके सामने पेट पालने के लिए कोई विकल्प नहीं बचेगा।

जिले में 2637 गाडिय़ां होंगी प्रभावित – बागेश्वर। एआरटीओ कार्यालय की जानकारी के अनुसार अगर व्यवसायिक वाहन प्राधिकरण का परमिट अवधि घटाने का निर्णय जिले में लागू हुआ तो कुल 2637 व्यवसायिक वाहन प्रभावित होंगे। जिनमें 1100 मैक्सी कैब, 780 टैक्सी कैब और 751 भार वाहन शामिल हैं। इन वाहनों के परमिट रद होने पर इनसे रोजगार जुटा रहे लोगों पर भी विपरीत असर पडऩे की संभावना है।

कपकोट में बुधवार को भी बांधी काली पट्टी – कपकोट। भराड़ी के टैक्सी चालकों ने बुधवार को भी बांह में काली पट्टी बांधे रखी। उन्होंने बताया कि इस निर्णय का पुरजोर विरोध जारी रहेगा। हालांकि पूरे दिन चालकों ने काम किया। जिससे यात्रियों को किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा।

 

 

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