March 18, 2026

रेशमा शाह के नाम रही शरदोत्सव की दूसरी सांस्कृतिक संध्या 

उत्तरकाशी। सीमांत ब्लॉक मोरी में आयोजित शरदोत्सव सांस्कृतिक मेले की दूसरी सांस्कृतिक संध्या में जौनसारी गायिका रेशमा शाह ने अपनी प्रस्तुती दी। जिसमे रेशमा शाह ने भूमली नाची, कूणे दरजिये सीली तेरे कूतती आदि गीतों की झड़ी लगाकर दर्शकों को झूमने पर विवश कर दिया। शरदोत्सव सांस्कृतिक मेला समिति मोरी की ओर से अयोजित चार दिवसीय शरदोत्सव सांस्कृतिक मेले की दूसरी सांस्कृतिक संध्या का शुभारंभ पूर्व जिला जज जयदेव सिंह ने किया। इस अवसर उन्होंने कहा कि मेले हमारी संस्कृति के संवाहक है। जिनमें हमारी लोक संस्कृति, पहनावे, खान पान, आदि से रूबरू होने का अवसर मिलता है। इस मौके पर जौनसारी गायिका रेशमा शाह ने अगलाड़ की माछ जमुना कु पाणी, मेहंदी मेर हाथों की आदि गीतों की शानदार प्रस्तुति दी। जिसकी पंडाल में बैठे दर्शकों ने खूब सराहना की। मेले के दूसरे दिन लोगों ने बढ़चढ़कर भाग लिया। जिसमें पुरोला, बड़कोट सहित हिमाचल प्रदेश के डोंडरा-कवार के लोग शामिल हुए। इस मौके पर जखोल वार्ड से जिला पंचायत सदस्य हाकम सिंह रावत, नानाई से अरुण रावत, बलवीर सिंह राणा, दुर्गेशवर, कृपाल सिंह राणा आदि मौजूद रहे।