केदारनाथ धाम की विषम परिस्थितियों में कार्य करना बेहद कठिन, पुलिस के बेहतर प्रदर्शन पर पुलिस अधीक्षक खुश
रुद्रप्रयाग ( आखरीआंख समाचार ) केदारनाथ धाम जैसी विषम भौगोलिक परिस्थिति वाले क्षेत्र में कार्य करना आसान नहीं है, बावजूद इसके पुलिस की टीम धाम में बेहतर कार्य करने में जुटी हुई है। इस यात्रा सीजन ने पुराने सभी रिकार्ड को तोड़ दिया है। पुलिस की टीम रुद्रप्रयाग से केदारनाथ धाम तक सुरक्षा ड्यूटी में तैनात रही है, जिसका नतीजा यह है कि यात्रा के दौरान तीर्थयात्रियों को किसी भी समस्या से नहीं जूझना पड़ा और वे यहां से अच्छा संदेश लेकर गये हैं। पुलिस की सतर्कता से यात्रा को सुव्यवस्थित तरीके से संचालित किया गया।
केदार कपाट बंद होेने के बाद पत्रकारों से यात्रा का अनुभव साझा करते हुए पुलिस अधीक्षक प्रह्लाद नारायण मीणा ने कहा कि केदारनाथ धाम में ड्यूटी देना कोई आसान काम नहीं है। यहां की भौगोलिक स्थितियां काफी भिन्न हैं। बर्फ से घिरी केदारपुरी में माइनस डिग्री में कार्य करना किसी चुनौती से कम नहीं है। पुलिस की टीम ने छः माह के यात्रा सीजन में ईमानदारी और निष्ठा के साथ कार्य किया है। एसपी मीणा ने बताया कि इस यात्रा सीजन में 11वें ज्योतिर्लिंग भगवान श्रीकेदारनाथ धाम के कपाट 29 अप्रैल को आम श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोले गये और पहले ही दिन रिकार्ड 25,071 यात्रियों ने बाबा के दर्शन प्राप्त किये। कपाट खुलने की तिथि से कपाट बंद होने की तिथि तक कुल सात लाख बत्तीस हजार दो सौ इकतालिस यात्रियों ने भगवान केदारनाथ के दर्शन किये है, जोयात्रा के इतिहास में अब तक का सबसे बड़ा रिकार्ड है।
बताया कि यात्रियों की सुरक्षा, सुविधा एवं सहयोग के लिए यात्रा रूट पर सात अस्थाई सीजनल पुलिस चैकियां स्थापित कर उन पर आवश्यकता के अनुसार पर्याप्त पुलिस बल, क्यूआरटी, पीएसी, आईआरबी, होमगार्डस एवं पीआरडी स्वयं सेवकों को ब्रीफ कर तैनात किया गया। इसके अलावा थाना एवं चैकियों में नियुक्त पुलिस बल को यात्रियों की सुरक्षा, सुविधा एवं मार्गदर्शन के लिए हिल पैट्रोल यूनिट (सारथी) का गठन कर 15 यूनिटों (महिला एवं पुरूष) को जनपदीय थाना एवं चैकियों में यात्रियों की सुविधा, सहयोग, बेहतर यातायात प्रबन्धन के लिए तैनात किया गया। टीम को आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित कर धाम में आने वाले यात्रियों के साथ शिष्ट व्यवहार एवं उनकी हर सम्भव सहयोग किये जाने के लिए निर्देशित किया गया। जनपद में यात्रियों की सुविधा, सुरक्षा, सहयोग, मार्गदर्शन के दृष्टिगत कोतवाली रुद्रप्रयाग क्षेत्रान्तर्गत जवाड़ी बाईपास व नगरासू, थाना अगस्त्यमुनि क्षेत्र के अन्तर्गत कस्बा तिलवाड़ा व अगस्त्यमुनि, थाना ऊखीमठ के चोपता, थाना गुप्तकाशी के कस्बा गुप्तकाशी व फाटा एवं थाना सोनप्रयाग क्षेत्र के सोनप्रयाग तथा श्रीकेदारनाथ सहित नौ पुलिस सहायता एवं पर्यटन केन्द्र बनाये गए, जिनमें पर्यटन प्रशिक्षण प्राप्त पुलिस कर्मी नियुक्त किये गये और हर पर्यटन केन्द्र पर पुलिस सहायता केन्द्र (पुलिस बूथ) लगाया गया। ऑल वेदर रोड के कार्यों में तेजी लाये जाने एवं राष्ट्रीय राजमार्ग पर विद्यमान समस्याओं को लेकर पत्राचार किया गया, जबकि जिलाधिकारी के साथ यात्रा मार्ग का निरीक्षण कर सुधार कार्यो में तेजी लाने के लिए व्यक्तिगत रूप से प्रयास कर यात्रा से पूर्व अधिकांश स्थल ठीक किये गये तथा डेंजर जोन पर रात-दिन पुलिस कर्मी नियुक्त कर जनपदीय क्षेत्राधिकारियों व समस्त थाना, चैकी प्रभारियों को निर्देश दिये गये। यात्रा के मुख्य पड़ाव सोनप्रयाग में पूर्व से चिन्हित की गई सीतापुर पार्किंग के निर्माण कार्य में व्यक्तिगत प्रयासों से तेजी लाये जाने एवं पार्किंग को सड़क को जोड़े जाने के लिए आवश्यक अतिरिक्त प्रयास किये गये तथा जनपद के अन्य कस्बो में भी नई पार्किगें विकसित की गई।
यात्रा के चरम काल माह मई एवं जून में प्रतिदिन 15 से 20 हजार यात्रियों ने केदारनाथ के दर्शन किये, जिसमें 28 मई 2018 को 23,852 यात्रियों द्वारा एक दिन में सर्वाधिक दर्शन किये गये। इस दौरान धाम में तैनात पुलिस कार्मिकों द्वारा प्रतिकूल मौसम के उपरान्त भी प्रतिदिन 15 से 18 घण्टे ड्îूटी पर रहकर यात्रियों को सहयोग दिया गया, जिसकी देश-विदेश से आने वाले यात्रियों ने काफी सराहना की। यात्राकाल में जनपद पुलिस चैकी श्री केदारनाथ की ओर से यात्रा के दौरान पुलिस की तीन टीम बनाई गई थी, जिनके द्वारा आॅपरेशन स्माइल चलाकर 450 बच्चों को परिवारजनों से मिलाया गया और पैर फिसलने से चोट आने वाले अन्य प्रकार से असहाय लगभग एक हजार चार सौ सत्ताइस बुजुर्ग एवं जरूतमंदो की त्वरित मदद की गयी।
एसपी मीणा ने बताया कि धाम में नियुक्त पुलिस जवान एसआई विपिन चन्द्र पाठक के प्रयासों से बह्मवाटिका में इस वर्ष डेढ़ क्वींटल वजन का रूद्राक्ष का पेड़ लगाया गया तथा दुर्लभ हो रही भोजपत्र के पांच पेड़ लगाये गये, जिसकी स्थानीय पुरोहितों, लोगों तथा बाहर से आने वाले यात्रियों ने सराहना की। दीपावली के अवसर पर केदारनाथ पहुंचे पीएम मोदी एवं पतंजलि योगपीठ के बालकृष्ण ने इस प्रयास की सराहना करते हुए अधिकारियों को अन्य जगहों पर भी ब्रह्मकमल उगाने को कहा।
कहा कि हैली टिकटों में निर्धारित मूल्य से अधिक की धनराशि वसूलने और हैली टिकटों के नाम पर यात्रियों के साथ धोखाधड़ी करने वालों के विरूद्ध छः अभियोग पंजीकृत कर धोखाधड़ी में संलिप्त छः व्यक्तियों को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेजा गया। अब तक चार अभियुक्तों के विरूद्ध आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया जा चुका है। पुलिस की सक्रीयता के बाद ही हैली की ब्लैक टिकटिंग पर रोक लग सकी। उन्होंने बताया कि जनपद पुलिस का यह भी सौभाग्य रहा है कि भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तीन बार केदारनाथ भ्रमण पर आये और उन्होंने केदारनाथ चैकी में स्थापित ब्रह्म वाटिका की काफी सराहना की तथा विषम परिस्थितियों में श्रीकेदारनाथ में ड्यूटिरत रहने वाले पुलिस कार्मिकों एवं जनपद पुलिस की काफी प्रशंसा की गयी। एसपी मीणा ने कहा कि केदारनाथ में बेहतर सेवाएं देने पर पुलिस एवं क्यूआरटी की टीम को 25-25 सौ का नगद ईनाम भी दिया गया।
