एनपीएस योजना इतनी ही बेहतर है, तो उसे क्यों जनप्रतनिधियों पर लागू न किया जाए, ओपीएस वाली पार्टी को वोट
देहरादून । राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली संयुक्त मोर्चा ने पुरानी पेंशन बहाली को लेकर आंदोलन तेज कर दिया है। मोर्चा की हुई ऑनलाइन बैठक में साफ किया गया कि जो भी पार्टी लोकसभा चुनाव को लेकर अपने घोषणा पत्र में पुरानी पेंशन बहाली का वादा करेगी, कर्मचारी उसे ही वोट करेंगे। मोर्चा की ऑनलाइन बैठक में राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शिव नेगी ने कहा कि यदि एनपीएस योजना इतनी ही बेहतर है, तो उसे क्यों जनप्रतनिधियों पर लागू नहीं किया जा रहा है। ओपीएस बहाली को लेकर छह मार्च को ऋषिकेश में रैली होगी। रैली में बड़ी संख्या में कर्मचारी शामिल होंगे। त्रिवेणी घाट तक रैली निकालने के साथ ही गंगा आरती में कर्मचारी शामिल होंगे। प्रदेश महिला मोर्चा अध्यक्ष बबीता रानी ने कहा कि मां गंगा से प्रार्थना की जाएगी कि केंद्र और राज्य सरकार को सद्बुद्धि दी जाए कि वो पुरानी पेंशन बहाली का लाभ कर्मचारियों को दे। जब केंद्र और राज्य सरकार के जनप्रतिनिधि पुरानी पेंशन का लाभ ले सकते हैं। तो 35 साल की नौकरी करने के बाद कर्मचारी को क्यों पेंशन का लाभ नहीं दिया जा रहा है। एक मई को पूरे देश में रेल, बैंक, चक्का जाम किया जाएगा। प्रदेश महामंत्री सीताराम पोखरियाल ने कहा कि नयी पेंशन स्कीम कर्मचारियों के साथ धोखा है। क्योंकि कि एनपीएस का पैसा सरकार शेयर बाजार में लगा रही है। रिटायरमेंट के बाद बामुश्किल एक से दो हजार रुपये ही पेंशन मिल रही है। प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष रोहित जोशी ने कहा कि प्रदेश के सभी कर्मचारियों को एक मंच पर आकर मुहिम शुरू करनी चाहिए। बैठक में अभिषेक नवानी, केदार फर्स्वाण, पूरण सिंह फर्स्वाण, नरेश भट्ट, जसपाल गुसांई, विजय लखेड़ा, मक्खन लाल शाह, राजीव उनियाल, भगवान सिंह नेगी, राकेश रावत, बृजमोहन सिंह रावत, मोहन सिंह, बबीता रावत, विजय आर्य, संदीप कुकरेती, जसपाल सिंह गुसांई मौजूद रहे।
