उत्तरायणी मेला 2025: तैयारियों को लेकर प्रशासन सख्त, लापरवाही नहीं होगी बर्दाश्त
बागेश्वर । बागेश्वर की ऐतिहासिक, धार्मिक एवं सांस्कृतिक पहचान के प्रतीक उत्तरायणी मेले को इस वर्ष और अधिक भव्य, सुव्यवस्थित व आकर्षक स्वरूप देने के उद्देश्य से प्रशासन ने तैयारियों को तेज कर दिया है। इसी क्रम में शुक्रवार को मुख्य विकास अधिकारी आर.सी. तिवारी की अध्यक्षता में विकास भवन में गूगल मीट के माध्यम से समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया।
सीडीओ ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि 13 से 20 जनवरी 2026 तक आयोजित होने वाले इस ऐतिहासिक मेले में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में स्वागत द्वारों (तोरण द्वार) की गुणवत्ता, डिजाइन और एकरूपता पर विशेष जोर दिया गया। सीडीओ ने निर्देश दिए कि सभी स्वागत द्वारों पर लगाए जाने वाले बैनर एवं फ्लैक्सी का डिजाइन एक समान होना चाहिए, जिससे मेले की सौंदर्यता और पहचान और निखर सके। साथ ही सजावट में प्लास्टिक के उपयोग से परहेज करते हुए केले एवं आम के पत्तों तथा प्राकृतिक फूलों के प्रयोग के निर्देश दिए गए।
प्रशासन द्वारा विभिन्न विभागों को स्वागत द्वारों के निर्माण की जिम्मेदारी सौंपी गई।
राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग ताकुला एवं कांडा रोड पर तोरण द्वार बनाएगा।
पीएमजीएसवाई द्वारा कठायतबाड़ा क्षेत्र में गेट का निर्माण किया जाएगा।
लोक निर्माण विभाग पुलिस थाना बागेश्वर के समीप स्वागत द्वार तैयार करेगा।
पेयजल निगम को दुग बाजार प्रवेश द्वार का दायित्व सौंपा गया है।
वहीं जल संस्थान एवं सिंचाई विभाग द्वारा नुमाइशखेत के मुख्य तथा प्रदर्शनी गेटों का निर्माण किया जाएगा।
मेले के दौरान नुमाइशखेत में कुल 33 विभागीय स्टॉल लगाए जाएंगे। सीडीओ ने निर्देश दिए कि प्रत्येक स्टॉल में ग्रीन मैटिंग, एक समान रंग के पर्दे, उपयुक्त फर्नीचर, दो बल्ब एवं एक चार्जिंग प्वाइंट की व्यवस्था अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे समय रहते स्थलीय निरीक्षण कर अपने-अपने दायित्वों का निर्वहन करें, ताकि उत्तरायणी मेला न केवल सांस्कृतिक रूप से बल्कि व्यवस्थाओं की दृष्टि से भी एक आदर्श आयोजन बन सके।
बैठक में परियोजना निदेशक शिल्पी पंत, डीडीओ संगीता आर्या, अधिशासी अभियंता संजय भारती, ईओ विनोद सिंह जीना सहित अन्य विभागीय अधिकारी वर्चुअल माध्यम से उपस्थित रहे।
