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November 6, 2026

उत्तराखंड के तीन आईजी केंद्र में डीआईजी पद पर प्रतिनियुक्ति पर जाएंगे


देहरादून ।  उत्तराखंड कैडर के तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर भेज दिया गया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से पांच मार्च को इनकी तैनाती के आदेश जारी किए गए। आदेश मिलते ही राज्य सरकार ने तत्परता दिखाते हुए शुक्रवार इनमें दो अधिकारियों को रिलीव कर दिया है। गृह सचिव शैलेश बगोली ने तीनों अधिकारियों को केंद्रीय सेवा में बुलाए जाने की आधिकारिक पुष्टि की है। केंद्रीय गृह मंत्रालय के अंडर सेक्रेटरी संजीव कुमार की ओर से गुरुवार को इसका आदेश जारी किया गया। आदेश में मुख्तार मोहसिन (आईपीएस 2005 बैच) को राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) में डिप्टी डायरेक्टर (डीआईजी स्तर) के पद पर नियुक्त किया गया है। इसी बैच की नीरू गर्ग को भारत तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) में डीआईजी के पद पर तैनाती मिली है। अरुण मोहन जोशी (आईपीएस 2006 बैच) को सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) में डीआईजी के पद पर तैनाती दी गई है।राज्य में आईजी, केंद्र में संभालेंगे डीआईजी का पदइस डेपुटेशन में एक बड़ी बात यह सामने आई है कि प्रतिनियुक्ति पर जा रहे अरुण मोहन जोशी, मुख्तार मोहसिन और नीरू गर्ग, ये तीनों ही अधिकारी वर्तमान में उत्तराखंड पुलिस में पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) के पद पर पदोन्नत हो चुके हैं। केंद्र में जो उनकी तैनाती तय की गई है, वह उप महानिरीक्षक (डीआईजी) के पद पर हुई है। केंद्र में आईजी पद नामित होने तक इन्हें वहां डीआईजी पद पर काम करना पड़ सकता है।पिछले साल हुए थे डिबार, इस बार सरकार ने खुद भेजे नामइन तीनों आईपीएस अधिकारियों के डेपुटेशन का मामला बेहद दिलचस्प है। इस बार अधिकारियों ने प्रतिनियुक्ति पर जाने के लिए स्वयं आवेदन नहीं किया था, बल्कि राज्य सरकार ने ही पहल करते हुए इनके नाम केंद्र को भेजे थे। जानकारी के अनुसार, पिछले साल केंद्रीय प्रतिनियुक्ति का आदेश आने के बावजूद वहां ज्वाइन न करने के कारण इन अधिकारियों को केंद्र से पांच साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया था।सरकार की तत्परताअधिकारियों के बिना आवेदन के ही राज्य सरकार ने बीते 16 फरवरी 2026 को इन तीनों के नाम केंद्रीय प्रतिनियुक्ति के लिए गृह मंत्रालय को भेज दिए। केंद्र ने इस पर मुहर लगाते हुए विभागवार तैनाती तय कर दी। राज्य सरकार की तत्परता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि पांच मार्च को दिल्ली से आदेश जारी हुआ और छह मार्च को राज्य ने नीरू गर्ग और अरुण मोहन जोशी को तत्काल रिलीव भी कर दिया।केंद्र के निर्देश पर आईपीएस अरुण मोहन जोशी और नीरू गर्ग को शासन स्तर से रिलीव कर दिया गया है। अब आगे कार्यवाही पुलिस मुख्यालय स्तर से होनी है। आईपीएस मुख्तार मोहसिन को अभी तकनीकी वजहों से रिलीव नहीं किया गया है। उन पर भी जल्द निर्णय कर लिया जाएगा।- शैलेश बगौली, सचिव-गृह

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