गरुड़ में जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे का सख्त रुख: एक माह में बनेगा क्षतिग्रस्त कॉजवे, लोहारी–सिल्लीबंड–कन्स्यारी मोटरमार्ग का किया स्थलीय निरीक्षण
बागेश्वर, गरुड । जनहित से जुड़े विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसी उद्देश्य के तहत जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे ने शनिवार को गरुड़ क्षेत्र के लोहारी–सिल्लीबंड–कन्स्यारी मोटरमार्ग का स्थलीय निरीक्षण कर सड़क की वर्तमान स्थिति तथा कुमरौड़ा के समीप क्षतिग्रस्त वेंटेड कॉजवे का गहन जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि कॉजवे के मरम्मत एवं पुनर्निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की देरी न हो और इसे जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से निर्माण कार्य की विस्तृत जानकारी ली तथा सहायक अभियंता को निर्देशित किया कि तीन दिनों के भीतर कार्य प्रारंभ कर हर हाल में एक माह के अंदर कॉजवे का निर्माण कार्य पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि यह मार्ग क्षेत्र के अनेक गांवों के लोगों की आवाजाही का प्रमुख साधन है, इसलिए इसकी मरम्मत में किसी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने संबंधित कनिष्ठ अभियंता (जेई) को निर्देश दिए कि कार्य शुरू होने के बाद प्रतिदिन प्रगति रिपोर्ट उपलब्ध कराई जाए, ताकि निर्माण कार्य की नियमित निगरानी की जा सके। साथ ही उन्होंने क्षतिग्रस्त स्थान पर तत्काल चेतावनी एवं सूचना संबंधी साइनबोर्ड लगाने के निर्देश भी दिए, जिससे आवागमन करने वाले लोगों एवं वाहन चालकों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके और किसी प्रकार की दुर्घटना की आशंका न रहे।
निरीक्षण के दौरान सहायक अभियंता गोविंद नाथ ने जिलाधिकारी को अवगत कराया कि मोटरमार्ग के प्रथम चरण का निर्माण कार्य वर्ष 2024 में सफलतापूर्वक पूरा किया जा चुका है। वहीं, द्वितीय चरण के निर्माण के लिए विस्तृत आगणन तैयार कर शासन को स्वीकृति हेतु भेज दिया गया है। शासन से स्वीकृति प्राप्त होते ही आगे की कार्यवाही शुरू कर दी जाएगी।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों से कहा कि सड़क निर्माण एवं मरम्मत कार्यों में गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न किया जाए और सभी कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप किए जाएं, ताकि आम जनता को सुरक्षित एवं सुगम यातायात सुविधा मिल सके।
इस अवसर पर उपजिलाधिकारी गरुड़ वैभव कंडपाल, लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता गोविंद नाथ तथा संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
