भटवाड़ी और पीपलकोटी बांध का काम बंद हो: भरत झुनझुनवाला
देहरादून। लेखक प्रो. भरत झुनझुनवाला ने मंदाकिनी नदी पर बन रही सिंगोली-भटवाड़ी (99 मेगावाट) और अलकनंदा नदी पर बन रही (444 मेगावाट) की विष्णुगाड-पीपलकोटी बांध का काम बंद करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि इन दोनों बांधों से कोई नहीं होगा। यदि परियोजाओं का काम बंद किया जाता है पांच हजार 750 करोड़ रुपये की बचत होगी और भविष्य में उपभोक्ताओं पर महंगी बिजली का भार भी नहीं पड़ेगा। पर्यावरण और जैव विविधता भी बचेगी। बुधवार को उत्तराखंड महिला मंच और पिपुल्स फोरम की प्रेस क्लब में आयोजित प्रेस वार्ता में प्रो. झुनझुनवाला ने पत्रकारों से बातचीत की। उन्होंने निर्माणाधीन सिंगोली-भटवाड़ी और विष्णुगाड-पीपलकोटी जल विद्युत परियोजनाओं पर अपनी अध्ययन रिपोर्ट बताई। कहा कि दोनों परियोजनाओं से उत्तराखंड और देश को कोई लाभ नहीं होगा। सौर ऊर्जा की बजली तीन रुपये प्रति यूनिट बन रही है। जबकि इन परियोजनाओं में छह रुपये प्रति यूनिट बनेगी। इसका सीधा असर बजली उपभोक्ताओं पर पड़ेगा। उपभोक्ताओं को भविष्य में महंगी बिजली मिलेगी। उन्होंने जल्द ही दोनों परियोजनाओं को बंद करने की मांग उठाई है। कहा कि यदि ऐसा किया जाता है तो सिंगोली-भटवाड़ी बांध से 450 करोड़ और विष्णुगाड-पीपलकोटी से पांच हजार 300 करोड़ रुपये बचेंगे। इस मौके पर महिला मंच अध्यक्ष कमला पंत और पिपुल्स फोरम के जयकृत कंडवाल मौजूद रहे।
