March 19, 2026

ऑनलाइन दीक्षा समारोह में देश को मिले 36 वनाधिकारी

-कर्नाटक के चंद्रशेखर गौड़ा पाटिल को सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षु के तौर पर एक स्वर्ण व दो रजत पदक
-कर्नाटक के चरणजी दास को आरसी कौशिक व पी श्रीनिवास की स्मृति में दो रजत पदक
-उड़ीसा की कुमारी विस्मल चिचिलिची को पारिस्थितिकी में प्रबंधन के लिए रजत पदक
-उड़ीसा के प्रभु दत्ता को केंद्रीय अकादमी वन सेवा संगठन पुरस्कार

देहरादून। देश को 36 वनाधिकारी मिल गए। राय वन सेवा केंद्रीय अकादमी ने ऑनलाइन दीक्षा समारोह आयोजित कर वर्ष 2018-20 बैच के इन प्रशिक्षु वनाधिकारियों को डिग्रियां प्रदान की। इस मौके पर कर्नाटक के चंद्रशेखर गौड़ा पाटिल को सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षु के तौर पर एक स्वर्ण व दो रजत प्रदान किये गये। उन्होंने ये पदक तीन श्रेणियों में प्राप्त किए। कोरोना महामारी के चलते गृह मंत्रालय ने एडवाइजरी जारी कर दीक्षा समारोह को ऑनलाइन आयोजित करने के आदेश दिए थे। दिन में 11 बजे शुरू हुए इस समारोह में सभी प्रशिक्षु वनाधिकारी व मुय अतिथि ऑनलाइन जुड़े। उड़ीसा की कुमारी विस्मल चिचिलिची को पारिस्थितिकी में प्रबंधन के लिए रजत पदक दिया गया। कर्नाटक के चरणजी दास को आरसी कौशिक व पी श्रीनिवास की स्मृति में दो रजत पदक प्रदान किए गए। उड़ीसा के प्रभु दत्ता को केंद्रीय अकादमी वन सेवा संगठन पुरस्कार दिया गया। समारोह में भारतीय वानिकी अनुसंधान एवं शिक्षा परिषद के कार्यकारी महानिदेशक एएस रावत, भारतीय वन सर्वेक्षण के महानिदेशक सुभाष आशुतोष, भारतीय वन्यजीव संस्थान के निदेशक डॉ. धनंजय मोहन, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वन अकादमी के निदेशक ओमकार सिंह, अकादमी के प्रधानाचार्य कुणाल सत्यार्थी ने ऑनलाइन शिरकत की।
दीक्षा समारोह के मुय अतिथि वन महानिदेशक व वन एवं पर्यावरण मंत्रालय में विशेष सचिव संजय कुमार ने प्रशिक्षु वनाधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि उनका सबसे पहला कार्य वनों की सुरक्षा है। आज वन की सुरक्षा बड़ी चुनौती है। उनसे देश को बड़ी उमीदें भी हैं। वन और वनों पर आश्रित समुदाय की सुरक्षा उनके कंधों पर है।
दीक्षा समारोह में वर्ष 2018-20 पासआउट बैच की 10 महिलाओं समेत कुल 36 प्रशिक्षु वनाधिकारी शामिल रहे। इनमें उड़ीसा के बीस, कर्नाटक के 13 छत्तीसगढ़ के दो व मध्य प्रदेश का एक प्रशिक्षु वनाधिकारी शामिल है। वन महानिदेशक व वन एवं पर्यावरण मंत्रालय में विशेष सचिव संजय कुमार ने बताया कि सभी प्रशिक्षु अधिकारियों को डिग्रियां प्रदान कर दी गई हैं।