March 21, 2026

मर्जर नहीं सरकारी स्कूल बंद करने की साजिश- पवन तिवारी


आप के काशी प्रांत अध्यक्ष ने किया यूपी में 27 हजार सरकारी स्कूलों के विलय का विरोध
प्रयागराज । उत्तर प्रदेश में योगी सरकार द्वारा सरकारी बेसिक स्कूलों के मर्जर (विलय) को लेकर आम आदमी पार्टी ने खुलकर विरोध का ऐलान किया है। आप के काशी प्रांत अध्यक्ष पवन तिवारी ने प्रयागराज में एक प्रेसवार्ता के दौरान योगी सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि यह स्कूलों का मर्जर नहीं, बल्कि शिक्षा व्यवस्था पर बुलडोजर चलाने की साजिश है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में 27,000 बेसिक स्कूलों को बंद करने की योजना के खिलाफ आम आदमी पार्टी गांव-गांव और जिला मुख्यालयों पर आंदोलन छेड़ेगी।
पवन तिवारी ने आंकड़ों के साथ सरकार की मंशा पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय की रिपोर्ट के मुताबिक सिर्फ एक साल में यूपी के 8 लाख बच्चों ने सरकारी स्कूलों से मुंह मोड़ा है। उन्होंने कहा कि बीते चार वर्षों में यह संख्या 42 लाख तक पहुंच गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर सरकारी स्कूलों की दुर्दशा कर रही है ताकि इन्हें बंद कर निजीकरण को बढ़ावा दिया जा सके।
उन्होंने बताया कि राज्य के 5695 स्कूल ऐसे हैं जहां मात्र एक शिक्षक कार्यरत है। अकेले अलीगढ़ जिले में ही 58,000 बच्चों ने सरकारी स्कूलों की पढ़ाई छोड़ दी है, जो कि बेहद चिंताजनक है। पवन तिवारी ने यह भी कहा कि 2024 में उत्तर प्रदेश सरकार ने 27,308 नए मदिरालय (शराब की दुकानें) खोलने की अनुमति दी, जबकि अब 2025 में 27,000 स्कूलों को बंद करने की तैयारी कर रही है।
उन्होंने तीखा सवाल उठाते हुए कहा कि यह लड़ाई अब  की है – उत्तर प्रदेश की जनता को तय करना है कि उन्हें दारू चाहिए या शिक्षा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने पहले मकान, दुकान, मंदिर और मस्जिदों पर बुलडोजर चलाया, और अब सरकारी स्कूलों की बारी है। आप प्रदेश के हर कोने में स्कूल बंदी का विरोध करेगी और बच्चों के शिक्षा अधिकार की रक्षा के लिए सड़क से सदन तक लड़ाई लड़ेगी।