जनसुनवाई में डीएम अपूर्वा पाण्डे का सख्त रुख, गलत बिजली बिलों पर अभियान चलाने के निर्देश, लापरवाह अधिकारियों को नोटिस
बागेश्वर। जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे ने सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जनसुनवाई में आमजन की समस्याएं सुनते हुए अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि जनता की शिकायतों के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जनसुनवाई के दौरान विभिन्न विभागों से जुड़ी 10 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें अधिकांश का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया, जबकि शेष मामलों के त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण समाधान के लिए संबंधित विभागों को निर्देशित किया गया।
जनसुनवाई के बाद जिलाधिकारी ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन और हेलो बागेश्वर पर लंबित शिकायतों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक शिकायतकर्ता से शत-प्रतिशत कॉलिंग सुनिश्चित की जाए और सभी शिकायतों का संवेदनशील, पारदर्शी एवं समयबद्ध निस्तारण किया जाए।
समीक्षा के दौरान विद्युत विभाग द्वारा उपभोक्ताओं को जारी किए जा रहे गलत एवं त्रुटिपूर्ण बिजली बिलों पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने विभाग को रोस्टर बनाकर विशेष अभियान चलाने, सभी गलत बिलों का समयबद्ध सुधार करने तथा कार्रवाई की प्रगति रिपोर्ट जिलाधिकारी कार्यालय को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
बैठक में जिले के कई क्षेत्रों में खराब मोबाइल नेटवर्क और इंटरनेट कनेक्टिविटी का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। इस पर जिलाधिकारी ने बीएसएनएल अधिकारियों के साथ अलग से बैठक आयोजित कर समस्या के स्थायी समाधान के निर्देश दिए।
बैठक में अनुपस्थित रहने पर मुख्य चिकित्साधिकारी (सीएमओ), अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) बागेश्वर तथा राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) के संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश भी जिलाधिकारी ने दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी नरेश कुमार, अपर जिलाधिकारी एन.एस. नबियाल सहित सभी जिलास्तरीय अधिकारी एवं संबंधित कर्मचारी उपस्थित रहे।
