किसानों को 50 हजार रुपये प्रति एकड़ मुआवजा दे सरकार: लाडी
रुद्रपुर । ओलावृष्टि से धान की फसल को हुए नुकसान की भरपाई के लिए किसान कांग्रेस ने प्रदेश सरकार से प्रभावित किसानों को 50 हजार रुपये प्रति एकड़ मुआवजा देने की मांग की है। साथ ही सहकारी समितियों और बैंकों से लिए गए कृषि ऋण माफ करने तथा बिजली बिलों में राहत देने की मांग उठाई है। किसान कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष हरेन्द्र सिंह लाडी ने चेतावनी दी कि दो दिन के भीतर मांगों पर निर्णय नहीं लिया गया तो किसान आंदोलन शुरू किया जाएगा। रविवार को रुद्रपुर सिटी क्लब में प्रेसवार्ता के दौरान लाडी ने कहा कि जिले के किसान सरकारी क्रय केंद्रों पर धान खरीद शुरू कराने के लिए लगातार धरना-प्रदर्शन करते रहे, लेकिन सरकार समय पर खरीद शुरू नहीं करा पाई।
इससे किसानों का धान खेतों में पड़ा रहा और उन्हें नुकसान उठाना पड़ा। उन्होंने आरोप लगाया कि धान खरीद की उचित नीति नहीं होने से किसानों की मुश्किलें बढ़ीं। ऐसे में सरकार को फसल नुकसान की भरपाई के लिए प्रति एकड़ 50 हजार रुपये मुआवजा देना चाहिए। लाडी ने कहा कि ओलावृष्टि से प्रभावित किसान पहले ही आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। कई किसानों के बच्चों की शादी होनी है और उन्हें ट्रैक्टर की किस्तें भी चुकानी हैं। ऐसे में कर्ज का बोझ लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने सहकारी समितियों और बैंकों से लिए गए कृषि ऋणों के साथ ही बिजली के बिल माफ करने की मांग की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने बाजपुर में हेलीकॉप्टर उतारकर प्रभावित खेतों का सर्वे किया, लेकिन किसानों के मुआवजे को लेकर कोई घोषणा नहीं की। अब छह हजार रुपये प्रति एकड़ मुआवजा दिए जाने की बात सामने आ रही है। किसान कांग्रेस इसका विरोध करेगी। उन्होंने कहा कि किसानों को हुए नुकसान के अनुपात में राहत दी जानी चाहिए। लाडी ने बताया कि किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर 16 अक्तूबर को सुबह 11 बजे सोनिया होटल में किसान सम्मेलन आयोजित किया जाएगा। उन्होंने सभी किसानों से दलगत राजनीति से ऊपर उठकर सम्मेलन में शामिल होने की अपील की। इस दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष हिमांशु गाबा, पूर्व विधायक राजकुमार ठुकराल और संदीप चीमा सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
