August 13, 2026

राष्ट्रीय प्रोजक्ट में शामिल रेल मार्ग का जल्द निर्माण हो

बागेश्वर। राष्ट्रीय प्रोजेक्ट में शामिल रेल मार्ग का निर्माण कार्य शुरू नहीं होने और प्राधिकरण वापस लेने की मांग को रेल निर्माण संघर्ष समिति ने एक बार फिर मोर्चा खोल दिया है। आक्रोशित सदस्यों ने प्रदर्शन कर नाराजगी जताई। इस दौरान उन्होंने जल्द रेल मार्ग का निर्माण कार्य शुरू नहीं करने और प्राधिकरण को वापस नहीं लेने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। रविवार को समिति से जुड़े लोग तहसील परिसर में पहुंचे। यहां उन्होंने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। इसके बाद उन्होंने सभा की। वक्ताओं ने कहा टनकपुर-बागेश्वर रेल मार्ग निर्माण की मांग सबसे पुरानी है। ब्रिटिशकाल से मार्ग निर्माण का सर्वे शुरू हुआ। बाद में भारत सरकार ने भी कई बार सर्वे करने के बाद मार्ग को राष्ट्रीय प्रोजक्ट में शामिल किया। इस बात को भी कई साल बीत गए हैं। आज तक इसके लिए बजट का प्रावधान नहीं किया गया है। उन्होंने कहा संगठन से जुड़े लोग कई बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रेल मंत्री से मिल चुके हैं। उन्हें मार्ग निर्माण का आश्वासन तो मिलता रहा, लेकिन बजट अब तक नहीं मिला है। कहा रेल आने से ही बागेश्वर जिले का विकास हो सकेगा। साथ ही पर्यटकों की संया भी बढ़ेगी। इस दौरान उन्होंने जल्द बजट स्वीकृत करने की मांग की है। इसके अलावा उन्होंने जिला विकास प्राधिकरण और महायोजना का भी विरोध किया। वक्ताओं ने इसे जनता के लिए अभिशाप बताया। कार्यक्रम की अध्यक्षता समिति अध्यक्ष नीमा दफौटी और संचालन महामंत्री खड़क राम ने किया। यहां केवलानंद डियोड़ी, केशवानंद जोशी, किशन राम, प्रताप सिंह मेहता, मनोज कुमार, शांति मेहरा, महेश पांडे, गिरीश चंद्र पाठक, सरस्वती गैलाकोटी, राजा पांडे, पार्वती पांडे, जगदीश उपाध्याय, तुलसी किरमोलिया, दया चंद्र टटा आदि मौजूद रहे।