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October 15, 2026

डीएम अपूर्वा पाण्डे का बड़ा फैसला, बागेश्वर में बनेगा समेकित कृषि विकास मॉडल

बागेश्वर। जनपद में किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को अधिक लाभकारी बनाने की दिशा में जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे ने बड़ा कदम उठाया है। बुधवार को आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने लघु सिंचाई एवं लघु डाल विभाग की योजनाओं की गहन समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सरकारी योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से वास्तविक किसानों तक पहुंचे।

बैठक में जिलाधिकारी ने कृषि, उद्यान, मत्स्य और लघु सिंचाई विभागों के बीच बेहतर समन्वय पर विशेष जोर देते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ केवल कागजों तक सीमित न रहे, बल्कि उसका असर खेतों तक दिखाई देना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को लाभार्थी किसानों से नियमित संपर्क बनाए रखने और योजनाओं का स्थलीय सत्यापन करने के निर्देश दिए।

किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य दिलाने के उद्देश्य से डीएम ने शामा सहित अन्य उपयुक्त स्थानों पर कोल्ड स्टोरेज स्थापित करने की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उनका कहना था कि इससे किसानों को फसल के सुरक्षित भंडारण, विपणन और उचित कीमत मिलने में बड़ी राहत मिलेगी।

जिलाधिकारी ने उन क्षेत्रों को चिन्हित करने के भी निर्देश दिए जहां सिंचाई के लिए पर्याप्त जल उपलब्ध है। ऐसे क्षेत्रों में कृषि, उद्यान, मत्स्य और अन्य विभागों की योजनाओं को जोड़कर समेकित कृषि विकास मॉडल विकसित किया जाएगा, जिससे संसाधनों का बेहतर उपयोग, फसल विविधीकरण और किसानों की आय में स्थायी बढ़ोतरी सुनिश्चित हो सके।

इसके अलावा लघु डाल विभाग को नाबार्ड से वित्त पोषित योजनाओं का अधिकतम लाभ किसानों तक पहुंचाने तथा उनकी आय बढ़ाने के लिए ठोस कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश भी दिए गए।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी नरेश कुमार, कृषि अधिकारी राजेंद्र उप्रेती, उद्यान अधिकारी हरीश चंद्र, मत्स्य अधिकारी मनोज मियान, सहायक अभियंता रोशन कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

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